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German Green Steel से Snapdeal तक, 4 बड़े मेनबोर्ड IPOs में बिडिंग शुरू, जानें हर जरूरी बात

Shubham Singh Thakur

4 min read | अपडेटेड September 25, 2026, 09:23 IST

सारांश

German Green Steel की शुरुआत 2008 में हुई थी। यह मुख्य रूप से भारत के पश्चिमी इलाके खासकर गुजरात में काम करने वाली एक लोहा और स्टील बनाने वाली कंपनी है। यह मकान और इमारतें बनाने में इस्तेमाल होने वाले मजबूत सरिये (मजबूत स्टील बार) बनाती है।

IPO

BSE और NSE पर लिस्टिंग की संभावित तारीख 05 अक्टूबर तय की गई है।

IPO निवेशकों के लिए आज का दिन खास है। आज 25 सितंबर को 4 बड़े मेनबोर्ड IPOs सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गए हैं। इनमें Orient Cables, Acevector, German Green Steel और Runwal Enterprises का पब्लिक इश्यू शामिल है। इन सभी IPOs में 29 सितंबर तक निवेश का मौका रहेगा। सब्सक्रिप्शन के बाद शेयरों का अलॉटमेंट 30 सितंबर को किया जाएगा। वहीं BSE और NSE पर लिस्टिंग की संभावित तारीख 05 अक्टूबर तय की गई है। यहां इन IPOs की पूरी जानकारी दी जा रही है।

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Orient Cables IPO

ओरिएंट केबल्स अपने आईपीओ के जरिए 552 करोड़ रुपये जुटाना चाहती है। इसमें 320 करोड़ रुपये का फ्रेश इश्यू और 232 करोड़ रुपये का ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल है। इसके लिए 258-272 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया गया है। लॉट साइज 55 शेयरों का है। एक रिटेल निवेशक को इसमें कम से कम 14,960 रुपये का निवेश करना होगा।

Orient Cables इंटरनेट और टेलीकॉम नेटवर्क में इस्तेमाल होने वाले केबल्स और उससे जुड़े उपकरण बनाने वाली एक भारतीय कंपनी है। इसकी शुरुआत सितंबर 2005 में हुई थी, यानी इसे इस काम में करीब 20 साल का लंबा अनुभव है। यह कंप्यूटर, इंटरनेट, टीवी (CCTV) और डेटा सेंटर्स को आपस में जोड़ने वाले विशेष तार जैसे LAN केबल, फाइबर ऑप्टिक केबल बनाती है। यह यह कंप्यूटर, इंटरनेट, टीवी (CCTV) और डेटा सेंटर्स को आपस में जोड़ने वाले विशेष तार (जैसे LAN केबल, फाइबर ऑप्टिक केबल) और अन्य नेटवर्किंग सामान बनाती है। इसके अलावा अब यह इलेक्ट्रिक गाड़ियों (EV) को चार्ज करने वाले केबल्स भी बनाने लगी है।

Acevector IPO

Snapdeal की पैरेंट कंपनी Acevector के आईपीओ का इश्यू साइज 420 करोड़ रुपये है। इसमें 287 करोड़ रुपये का फ्रेश इश्यू और 133 करोड़ रुपये का OFS शामिल है। आईपीओ का प्राइस बैंड 30-32 रुपये प्रति शेयर रखा गया है। लॉट साइज 468 शेयरों का है, जिसमें एक रिटेल निवेशक को मिनिमम 14,976 रुपये का निवेश करना होगा।

Acevector की शुरुआत 2007 में हुई थी। एक ऐसी कंपनी है जो इंटरनेट के ज़रिए सामान बेचने और खरीदने (ई-कॉमर्स) का एक बड़ा नेटवर्क चलाती है। यह कंपनी खुद बहुत ज्यादा फैक्ट्रियां या गोदाम नहीं रखती, बल्कि डेटा, टेक्नोलॉजी और AI की मदद से दूसरी कंपनियों के जरिए अपना काम चलाती है। इसे एसेट-लाइट मॉडल कहते हैं।

German Green Steel IPO

जर्मन ग्रीन स्टील के आईपीओ का इश्यू साइज 303.90 करोड़ रुपये है। इसमें 290 करोड़ रुपये का फ्रेश इश्यू और 13.90 का OFS शामिल है। प्राइस बैंड 132-139 रुपये रखा गया है। 107 शेयरों का लॉट साइज है, जिसमें रिटेल निवेशकों को कम से कम 14,873 रुपये का निवेश करना होगा।

German Green Steel की शुरुआत 2008 में हुई थी। यह मुख्य रूप से भारत के पश्चिमी इलाके खासकर गुजरात में काम करने वाली एक लोहा और स्टील बनाने वाली कंपनी है। यह मकान और इमारतें बनाने में इस्तेमाल होने वाले मजबूत सरिये (मजबूत स्टील बार) बनाती है।

Runwal Enterprises IPO

इस आईपीओ का इश्यू साइज 499.83 करोड़ रुपये है। यह पूरी तरह फ्रेश इश्यू है, जिसका मतलब है कि आईपीओ से होने वाली पूरी आय कंपनी को मिलेगी। इसका प्राइस बैंड 290-305 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है। 49 शेयरों के लॉट साइज के हिसाब से रिटेल निवेशकों को कम से कम 14,945 रुपये का निवेश करना होगा।

Runwal Enterprises की शुरुआत फरवरी 2016 में हुई थी। यह मुंबई की एक बहुत बड़ी और जानी-मानी रियल एस्टेट (जमीन-मकान बनाने वाली) कंपनी है। यह हर तरह के बजट वाले लोगों के लिए घर और कमर्शियल बिल्डिंग्स बनाती है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

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