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  1. पेटीएम के इनवेस्टर्स के लिए गुड न्यूज, पहली तिमाही के नतीजों के साथ बोनस शेयर देने की तैयारी में कंपनी

मार्केट न्यूज़

पेटीएम के इनवेस्टर्स के लिए गुड न्यूज, पहली तिमाही के नतीजों के साथ बोनस शेयर देने की तैयारी में कंपनी

विकास तिवारी

5 min read | अपडेटेड July 16, 2026, 11:39 IST

सारांश

वन 97 कम्युनिकेशंस के बोर्ड की मीटिंग में पहली तिमाही के स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड नतीजों को मंजूरी दी जाएगी। इसके बाद 21 जुलाई को अर्निंग्स कॉन्फ्रेंस कॉल होगी। इसके साथ ही कंपनी में भारतीय निवेशकों की हिस्सेदारी बढ़कर 51.6% पर पहुंच गई है।

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पेटीएम की पैरेंट कंपनी वन 97 कम्युनिकेशंस जल्द ही पेश करेगी तिमाही नतीजे और बोनस शेयर का प्रस्ताव। | Image: Shutterstock

डिजिटल पेमेंट सेक्टर की दिग्गज कंपनी पेटीएम की पैरेंट कंपनी वन 97 कम्युनिकेशंस के निवेशकों के लिए एक बहुत बड़ी और अच्छी खबर सामने आई है। कंपनी ने चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के वित्तीय नतीजों की तारीखों की घोषणा कर दी है। इस घोषणा के साथ ही कंपनी ने अपने शेयरधारकों को एक बड़ा सरप्राइज भी दिया है। कंपनी का बोर्ड पहली तिमाही के नतीजों को मंजूरी देने के साथ ही अपने शेयरधारकों को फ्री यानी बोनस इक्विटी शेयर देने के एक बड़े प्रस्ताव पर भी विचार करने जा रहा है। इस खबर के सामने आने के बाद पेटीएम के शेयरों में इनवेस्ट करने वाले लोगों के बीच उत्साह काफी बढ़ गया है और बाजार की नजरें भी इस बड़ी मीटिंग पर टिक गई हैं। इन फैसलों के इंप्लिमेंटेशन के बाद कंपनी की बाजार में स्थिति और मजबूत होने की उम्मीद है।

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20 जुलाई को होगी बोर्ड की बड़ी मीटिंग

कंपनी की तरफ से दी गई रेगुलेटरी फाइलिंग के मुताबिक, वन 97 कम्युनिकेशंस 30 जून को समाप्त हुई पहली तिमाही के अनऑडिटेड स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजों पर चर्चा करने के लिए एक बड़ी मीटिंग बुला रही है। यह बोर्ड मीटिंग सोमवार, 20 जुलाई 2026 को आयोजित की जाएगी। इसी मीटिंग में पहली तिमाही के नतीजों को मंजूरी दी जाएगी और इसके साथ ही शेयरधारकों को बोनस इक्विटी शेयर जारी करने के प्रस्ताव पर भी विचार किया जाएगा। हालांकि बोनस शेयर का यह फैसला सभी जरूरी मंजूरियों के बाद ही पूरी तरह लागू होगा। इसके बाद अगले दिन यानी मंगलवार, 21 जुलाई 2026 को दोपहर 3:30 बजे से शाम 4:15 बजे तक कंपनी के टॉप मैनेजमेंट की तरफ से एक अर्निंग्स कॉन्फ्रेंस कॉल का आयोजन किया जाएगा, जिसमें पहली तिमाही के फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर विस्तार से चर्चा होगी।

कंपनी में बढ़ी भारतीय निवेशकों की हिस्सेदारी

पेटीएम की तरफ से भारतीय शेयर बाजारों में दाखिल किए गए ताजा शेयरहोल्डिंग पैटर्न से एक और बहुत दिलचस्प बात सामने आई है। इस तिमाही के दौरान कंपनी में भारतीय निवेशकों यानी डोमेस्टिक इनवेस्टर्स की हिस्सेदारी बढ़ी है और कंपनी में बहुसंख्यक ओनरशिप भारतीयों के पास ही बनी हुई है। 30 जून 2026 को समाप्त हुई तिमाही में घरेलू निवेशकों की हिस्सेदारी बढ़कर लगभग 51.6% पर पहुंच गई है, जो इसके पिछले क्वार्टर में 50.3% दर्ज की गई थी। घरेलू हिस्सेदारी में लगातार हो रही यह बढ़ोतरी पेटीएम को एक 'इंडियन ओन्ड एंड कंट्रोल्ड कंपनी' (IOCC) के रूप में मजबूती से स्थापित करती है। कंपनी ने यह मुकाम पहली बार मार्च 2026 में हासिल किया था। इससे यह साफ संकेत मिलता है कि देश के बड़े इंस्टीट्यूशनल और नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स का भरोसा कंपनी के प्रति लगातार गहरा होता जा रहा है।

म्यूचुअल फंड हाउसेज ने लगाया बड़ा दांव

अगर हम डोमेस्टिक इंस्टीट्यूशनल ओनरशिप की बात करें, तो चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में यह 24.9% के ऑल टाइम हाई यानी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है, जो चौथी तिमाही में 23.1% थी। इस शानदार बढ़ोतरी की मुख्य वजह म्यूचुअल फंड हाउसेज की तरफ से की गई बड़ी खरीदारी है। म्यूचुअल फंड्स ने पेटीएम में अपनी हिस्सेदारी को चौथी तिमाही के 16.6% से बढ़ाकर पहली तिमाही में 17.9% कर लिया है। पेटीएम में इनवेस्ट करने वाले म्यूचुअल फंड्स की संख्या भी 41 से बढ़कर 43 हो गई है। इनमें मोतीलाल ओसवाल म्यूचुअल फंड, बंधन म्यूचुअल फंड, निप्पॉन म्यूचुअल फंड, मिराए एसेट फंड और कोटक म्यूचुअल फंड प्रमुख रहे हैं, जिन्होंने कंपनी में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है। इसके साथ ही घरेलू इंश्योरेंस कंपनियों ने भी अपना स्टेक 5.1% से बढ़ाकर 5.3% कर लिया है, जिसमें एसबीआई लाइफ इंश्योरेंस सबसे आगे रही है।

ऑपरेशनल परफॉर्मेंस और रेवेन्यू में मजबूत सुधार

कंपनी में घरेलू निवेशकों का यह बढ़ता भरोसा इसके मजबूत ऑपरेशनल परफॉर्मेंस की वजह से देखने को मिल रहा है। वित्त वर्ष 2025-26 में पेटीएम ने अपने इतिहास में पहली बार पूरे साल का नेट प्रॉफिट दर्ज किया था। उस साल कंपनी का net profit 552 करोड़ रुपये रहा था, जबकि इसका ऑपरेशन से रेवेन्यू सालाना आधार पर 22% की बढ़िया रफ्तार के साथ 8,437 करोड़ रुपये पर पहुंच गया था। इसके अलावा कंपनी ने 502 करोड़ रुपये का एबिटा (EBITDA) भी दर्ज किया था, जो सालाना आधार पर 2,008 करोड़ रुपये का एक बहुत बड़ा सुधार दिखाता है। इसी मजबूत ऑपरेशनल परफॉर्मेंस और सुधरती वित्तीय स्थिति के कारण कंपनी अब अपने इनवेस्टर्स को बोनस शेयर देने का बड़ा फैसला लेने जा रही है, जो इसके फ्यूचर के लिए बहुत अच्छा साबित हो सकता है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

लेखकों के बारे में

विकास तिवारी
Vikash Tiwary is a finance journalist with 6+ years of newsroom experience. He is currently growing Upstox Hindi, crafting data-driven stories on stocks, personal finance, mutual funds, and global markets, while exploring how AI can simplify finance. His work spans Zee Business, TV9 Bharatvarsh, ABP News, India TV, and Inshorts. He also holds NISM certification.

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