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  1. Veegaland Developers के शेयर ₹151 के भाव पर लिस्ट, निवेशकों को करीब 8% का मुनाफा

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Veegaland Developers के शेयर ₹151 के भाव पर लिस्ट, निवेशकों को करीब 8% का मुनाफा

Shubham Singh Thakur

4 min read | अपडेटेड September 18, 2026, 09:53 IST

सारांश

Veegaland Developers को निवेशकों की अच्छी प्रतिक्रिया मिली और यह कुल 13.55 गुना सब्सक्राइब हो गया। इसके तहत क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIBs) का हिस्सा 17.76 गुना भर गया। वहीं नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NIIs) के हिस्से को 18.03 गुना और रिटेल निवेशकों के हिस्से को 9.24 गुना सब्सक्रिप्शन मिला।

Veegaland Developers IPO

Veegaland Developers का मुख्य फोकस केरल के रेजिडेंशियल रियल एस्टेट बाजार पर है।

केरल की रियल एस्टेट कंपनी Veegaland Developers की आज 18 सितंबर को लिस्टिंग हो गई है। इसके शेयर आज BSE पर 151 रुपये प्रति शेयर के भाव पर खुले, जबकि प्राइस बैंड 130-140 रुपये प्रति शेयर था। इस तरह निवेशकों को लिस्टिंग पर 7.86 फीसदी का मुनाफा हुआ है। यह आईपीओ 10 से 15 सितंबर तक सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इसके लिए कंपनी ने 130-140 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया। इस पब्लिक इश्यू को निवेशकों की अच्छी प्रतिक्रिया मिली और यह कुल 13.55 गुना सब्सक्राइब हो गया। सब्सक्रिप्शन के बाद सफल निवेशकों को शेयरों का अलॉटमेंट 16 सितंबर को कर दिया गया है।

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Veegaland Developers IPO का स्ट्रक्चर

Veegaland Developers के IPO के तहत 210 करोड़ रुपये के 1.50 करोड़ नए इक्विटी शेयर जारी किए गए। वहीं इसमें ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए कोई बिक्री नहीं की गई। इसका मतलब है कि आईपीओ से होने वाली पूरी आय कंपनी को मिलेगी। कंपनी अपने आईपीओ से मिलने वाली आय का उपयोग मुख्य रूप से अपनी मौजूदा और आगामी प्रोजेक्ट्स के विकास के लिए करेगी।

कैसे रहे सब्सक्रिप्शन आंकड़े

Veegaland Developers को निवेशकों की अच्छी प्रतिक्रिया मिली और यह कुल 13.55 गुना सब्सक्राइब हो गया। इसके तहत क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIBs) का हिस्सा 17.76 गुना भर गया। वहीं नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NIIs) के हिस्से को 18.03 गुना और रिटेल निवेशकों के हिस्से को 9.24 गुना सब्सक्रिप्शन मिला।

कैसा है बिजनेस

Veegaland Developers का रेवेन्यू FY24 में ₹110.77 करोड़ था, जो FY26 में बढ़कर करीब ₹254 करोड़ हो गया। इसी दौरान कंपनी का PAT ₹7.87 करोड़ से बढ़कर ₹26.61 करोड़ हो गया। कंपनी को Kochouseph Chittilappilly और V-Guard Group से जुड़े प्रमोटर बैकग्राउंड का फायदा मिलता है। केरल में V-Guard की मजबूत ब्रांड पहचान कंपनी के लिए सकारात्मक हो सकती है।

Veegaland Developers का मुख्य फोकस केरल के रेजिडेंशियल रियल एस्टेट बाजार पर है। किसी एक क्षेत्र पर फोकस करने से कंपनी को स्थानीय बाजार, ग्राहकों की जरूरत और प्रॉपर्टी की मांग को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिल सकती है। कंपनी खास तौर पर मिड-प्रीमियम से लेकर अल्ट्रा-लक्जरी रेजिडेंशियल सेगमेंट में काम करती है।

कंपनी का प्रोजेक्ट्स को समय पर पूरा करने का रिकॉर्ड अच्छा है। इसके अलावा, प्रोजेक्ट्स की बिक्री भी अच्छी रही है। कंपनी की मजबूत प्रोजेक्ट पाइपलाइन और केरल के रियल एस्टेट मार्केट में ग्रोथ की संभावना लंबे समय में मदद कर सकती है। Veegaland Developers को केरल की पहली लिस्टेड प्योर-प्ले रेजिडेंशियल डेवलपर कंपनी के तौर पर पेश किया जा रहा है।

क्या हैं रिस्क फैक्टर्स

वीगालैंड डेवलपर्स के लिए सबसे बड़ा जोखिम यह है कि कंपनी का 100% रेवेन्यू केरल से आता है। ऐसे में राज्य में आर्थिक सुस्ती, नियमों में बदलाव, किसी प्राकृतिक आपदा या अन्य बड़ी समस्या का कंपनी के कारोबार पर ज्यादा असर पड़ सकता है।

FY26 में कंपनी का ऑपरेटिंग कैश फ्लो करीब ₹74.26 करोड़ निगेटिव रहा। रियल एस्टेट कंपनियों में निर्माण पर पहले पैसा खर्च होने और बाद में ग्राहकों से भुगतान मिलने के कारण ऐसा हो सकता है। फिर भी IPO निवेशकों के लिए यह अहम संकेतक है। आने वाले समय में देखना होगा कि प्रोजेक्ट पूरे होने और कलेक्शन बढ़ने के साथ कैश फ्लो में सुधार होता है या नहीं।

FY26 में कंपनी के करीब 44.92% ऑपरेटिंग खर्च थर्ड-पार्टी कॉन्ट्रैक्टर्स को किए गए भुगतान से जुड़े थे। इससे कंपनी को कॉन्ट्रैक्टर की उपलब्धता, काम की गुणवत्ता, प्रोजेक्ट में देरी और लागत बढ़ने जैसे जोखिमों का सामना करना पड़ सकता है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

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