बिजनेस न्यूज़
.png)
3 min read | अपडेटेड September 03, 2026, 15:04 IST
सारांश
India-Belgium Trade: क्लीन एनर्जी के क्षेत्र में भी भारत और बेल्जियम साथ काम करेंगे। दोनों देशों ने रिन्यूएबल एनर्जी से जुड़ा एक MoU साइन किया है। इसके अलावा क्रिटिकल मिनरल्स की प्रोसेसिंग और रीसाइक्लिंग में सहयोग बढ़ाने का फैसला किया गया है।

बेल्जियम की सेमीकंडक्टर क्षेत्र की विशेषज्ञता और भारत के बड़े बाजार को साथ लाने की कोशिश होगी। (Image: @MEAIndia)
भारत और बेल्जियम ने अगले पांच साल में दोनों देशों के बीच व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य रखा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर के साथ मुलाकात के बाद यह जानकारी दी। दोनों देशों ने व्यापार के साथ-साथ डिफेंस, क्लीन एनर्जी, टेक्नोलॉजी और निवेश के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी सहमति जताई है। यहां दोनों देशों के बीच हुए समझौतों की पूरी जानकारी दी गई है।
क्लीन एनर्जी के क्षेत्र में भी भारत और बेल्जियम साथ काम करेंगे। दोनों देशों ने रिन्यूएबल एनर्जी से जुड़ा एक MoU साइन किया है। इसके अलावा क्रिटिकल मिनरल्स की प्रोसेसिंग और रीसाइक्लिंग में सहयोग बढ़ाने का फैसला किया गया है। इसका उद्देश्य भविष्य के लिए सुरक्षित और भरोसेमंद सप्लाई चेन तैयार करना है।
बेल्जियम की सेमीकंडक्टर क्षेत्र की विशेषज्ञता और भारत के बड़े बाजार को साथ लाने की कोशिश होगी। दोनों देश बेल्जियम के IMEC Institute को भारत के सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम से जोड़ने पर काम करेंगे। इसके अलावा स्टार्टअप, यूनिवर्सिटी और रिसर्च सेक्टर में भी सहयोग बढ़ाया जाएगा।
भारत और बेल्जियम जल्द ही माइग्रेशन एंड मोबिलिटी पार्टनरशिप एग्रीमेंट पर भी हस्ताक्षर कर सकते हैं। इससे दोनों देशों के बीच प्रतिभाओं और कुशल लोगों की आवाजाही आसान बनाने में मदद मिलेगी।
पीएम मोदी ने कहा कि इस साल की शुरुआत में भारत और यूरोपीय संघ (EU) के बीच हुआ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) दोनों देशों के आर्थिक संबंधों के लिए नए अवसर लेकर आया है। इस समझौते से भारत और यूरोप के बीच कारोबार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। भारत और बेल्जियम अब इन नए अवसरों को कारोबार में बदलने के लिए कई कदम उठा रहे हैं।
भारत ने बेल्जियम की कंपनियों के लिए देश में निवेश को आसान बनाने के लिए इनवेस्टमेंट फास्ट-ट्रैक मैकेनिज्म स्थापित किया है। इसके अलावा दोनों देशों के बीच इंडिया बेल्जियम बिजनेस फोरम को नियमित तौर पर आयोजित करने का फैसला लिया गया है। दोनों देश फाइनेंस, फिनटेक और रेगुलेटरी संस्थानों के बीच सहयोग भी बढ़ाएंगे। इन प्रयासों के जरिए अगले पांच साल में द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य हासिल करने की कोशिश होगी।
भारत और बेल्जियम के बीच रक्षा और सुरक्षा सहयोग को भी मजबूत किया जाएगा। दोनों देश सैन्य अधिकारियों के बीच संपर्क और ट्रेनिंग को बढ़ाने पर सहमत हुए हैं। साथ ही, सरकारों और डिफेंस कंपनियों के बीच समझौतों से डिफेंस उपकरणों के सह-विकास और सह-उत्पादन के नए अवसर बन सकते हैं। दोनों देशों की एजेंसियां इंटेलिजेंस शेयरिंग और अपराध से निपटने में भी सहयोग बढ़ाएंगी। इससे सुरक्षा से जुड़े मामलों में दोनों देशों के बीच समन्वय मजबूत होने की उम्मीद है।
बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर तीन दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर भारत आए हैं। फरवरी 2025 में प्रधानमंत्री बनने के बाद यह उनकी पहली भारत यात्रा है। खास बात यह है कि करीब दो दशक बाद बेल्जियम के किसी प्रधानमंत्री की भारत यात्रा हुई है। उनके साथ बेल्जियम के रक्षा और विदेश व्यापार मंत्री थियो फ्रांकेन सहित कई अधिकारी और कारोबारी प्रतिनिधि भी भारत आए हैं।
संबंधित समाचार
लेखकों के बारे में
.png)
अगला लेख