return to news
  1. Gold-Silver में भारी बिकवाली के बाद आज रिकवरी, इस हफ्ते कई फैक्टर्स होंगे अहम, जानें अपने शहर का भाव

बिजनेस न्यूज़

Gold-Silver में भारी बिकवाली के बाद आज रिकवरी, इस हफ्ते कई फैक्टर्स होंगे अहम, जानें अपने शहर का भाव

Shubham Singh Thakur

4 min read | अपडेटेड November 02, 2026, 08:13 IST

सारांश

पिछले हफ्ते सोने-चांदी की कीमतों में भारी बिकवाली देखी गई थी। इस दौरान सोने में 3.25 फीसदी की गिरावट आई। वहीं चांदी भी 8.64 फीसदी तक लुढ़क गई। सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट की एक बड़ी वजह दुनियाभर के शेयर बाजारों में बिकवाली है।

Gold Silver

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों पर होने वाले भारी खर्च को लेकर भी निवेशकों में चिंता है।

Gold-Silver Price: सोने और चांदी की कीमतों में लगातार जारी गिरावट पर आज 02 नवंबर को ब्रेक लगा है। bullion.co.in के अनुसार आज 24 कैरेट वाले 10 ग्राम सोने की कीमत बढ़कर 138,850 रुपये हो गई है। दूसरी तरफ चांदी की कीमत भी 179,460 रुपये प्रति किलो के स्तर पर पहुंच गई। इसके पहले पिछले सप्ताह दोनों धातुओं की कीमतों में भारी गिरावट आई थी। अमेरिका में ब्याज दरें बढ़ने की आशंका और दुनिया में चल रही आर्थिक और राजनीतिक अनिश्चितताएं सोने-चांदी की कीमतों को प्रभावित कर रही हैं।
Open FREE Demat Account within minutes!
Join now

COMEX बाजार में सोने का भाव 0.52 फीसदी बढ़कर 3,919 डॉलर प्रति औंस हो गया। वहीं, चांदी 1.41 फीसदी बढ़कर 49.97 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई। भारत में MCX पर सोने और चांदी की कीमतों में पिछले सप्ताह भारी गिरावट आई। इस समय MCX पर सोने की कीमत 1.38 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी 1.79 लाख रुपये प्रति किलो पर आ गई है।

आपके शहर में सोने की कीमत

यहां देश के 6 बड़े शहरों में 24 कैरेट सोने के दाम दिए गए हैं।

  • दिल्ली: ₹138,360 प्रति 10 ग्राम
  • मुंबई: ₹138,600 प्रति 10 ग्राम
  • कोलकाता: ₹138,410 प्रति 10 ग्राम
  • चेन्नई: ₹179,650 प्रति 10 ग्राम
  • बेंगलुरु: ₹138,710 प्रति 10 ग्राम
  • हैदराबाद: ₹138,820 प्रति 10 ग्राम

अलग-अलग शहरों में चांदी की कीमत

प्रमुख मेट्रो शहरों में 999 फाइन सिल्वर की कीमतें यहां दी गई है।

  • दिल्ली: ₹178,820 प्रति किलोग्राम
  • मुंबई: ₹179,130 प्रति किलोग्राम
  • कोलकाता: ₹178,890 प्रति किलोग्राम
  • चेन्नई: ₹189,690 प्रति किलोग्राम
  • बेंगलुरु: ₹179,270 प्रति किलोग्राम
  • हैदराबाद: ₹179,410 प्रति किलोग्राम

क्यों गिर रहे हैं सोने-चांदी के दाम

पिछले हफ्ते सोने-चांदी की कीमतों में भारी बिकवाली देखी गई थी। इस दौरान सोने में 3.25 फीसदी की गिरावट आई। वहीं चांदी भी 8.64 फीसदी तक लुढ़क गई। सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट की एक बड़ी वजह दुनियाभर के शेयर बाजारों में बिकवाली है। खासकर अमेरिका की बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों के शेयरों में भारी गिरावट देखने को मिली। एक्सपर्ट्स का कहना है कि शेयर बाजार में गिरावट के कारण कुछ निवेशकों ने अपना नुकसान पूरा करने या तुरंत पैसा जुटाने के लिए सोना और चांदी बेचना शुरू कर दिया।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों पर होने वाले भारी खर्च को लेकर भी निवेशकों में चिंता है। अमेरिका की टेक कंपनियों के शेयरों में गिरावट से दुनियाभर के बाजारों में अनिश्चितता बढ़ी है। अमेरिका के केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों से जुड़ी उम्मीदें भी सोने की कीमतों पर असर डाल रही हैं। जब ब्याज दरें बढ़ती हैं, तो निवेशकों को बैंक और बॉन्ड जैसे विकल्पों से ज्यादा फायदा मिल सकता है। बता दें कि सोने पर कोई ब्याज नहीं मिलता।

कच्चे तेल की कीमतों में तेजी भी सोने और चांदी के बाजार को प्रभावित कर रही है। ब्रेंट क्रूड सोमवार सुबह 110 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर कारोबार कर रहा था। जब कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो महंगाई बढ़ने की चिंता भी बढ़ जाती है। इससे अमेरिका में ब्याज दरें ऊंची रहने की संभावना बन सकती है। इसका असर सोने की मांग और कीमतों पर पड़ता है।

इस सप्ताह ये फैक्टर्स होंगे अहम

इस सप्ताह सोने और चांदी की कीमतों पर कई बड़ी घटनाओं का असर देखने को मिल सकता है। सबसे पहले 3 नवंबर को होने वाले अमेरिका के मध्यावधि चुनाव पर बाजार की नजर रहेगी। चुनाव के नतीजे और उनसे जुड़े राजनीतिक फैसले निवेशकों की सोच को प्रभावित कर सकते हैं।

इसके अलावा, 6 नवंबर को अमेरिका में रोजगार से जुड़े नॉन-फार्म पेरोल के आंकड़े जारी होंगे। इन आंकड़ों से पता चलेगा कि अमेरिका में रोजगार की स्थिति कैसी है। इससे यह समझने में मदद मिलेगी कि फेडरल रिजर्व आगे ब्याज दरों को लेकर क्या फैसला ले सकता है।

दुनिया के बड़े देशों के मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस सेक्टर के PMI आंकड़े भी अहम होंगे। इनसे पता चलेगा कि अर्थव्यवस्था की रफ्तार कैसी है। वहीं, यूरोप में महंगाई के आंकड़ों पर भी निवेशकों की नजर रहेगी। इसके साथ ही अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच तनाव में कोई बढ़ोतरी होती है, तो उसका असर कच्चे तेल, सोने और चांदी की कीमतों पर पड़ सकता है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

अगला लेख

End of additional stories