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  1. PNB ने बढ़ाई MCLR दरें: अब होम और पर्सनल लोन हो सकते हैं महंगे, चेक करें नई ब्याज दरें

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PNB ने बढ़ाई MCLR दरें: अब होम और पर्सनल लोन हो सकते हैं महंगे, चेक करें नई ब्याज दरें

Upstox

4 min read | अपडेटेड November 02, 2026, 09:14 IST

सारांश

PNB की MCLR में बढ़ोतरी का असर उन ग्राहकों पर पड़ सकता है, जिन्होंने MCLR से जुड़े फ्लोटिंग रेट पर होम लोन, पर्सनल लोन या बिजनेस लोन लिया है। जब उनके लोन की ब्याज दर रीसेट होगी, तब नई MCLR के हिसाब से ब्याज दर बढ़ सकती है। इससे लोन की EMI बढ़ने या लोन चुकाने की कुल लागत बढ़ने की आशंका है।

PNB

PNB ने अपनी रेपो-लिंक्ड लेंडिंग रेट (RLLR) में कोई बदलाव नहीं किया है।

पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के ग्राहकों के लिए जरूरी खबर है। बैंक ने अपने सभी छह टेन्योर की मार्जिनल कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट (MCLR) में 10 बेसिस प्वॉइंट्स यानी 0.10% की बढ़ोतरी की है। नई दरें 1 नवंबर 2026 से लागू हो गई हैं। बैंक ने इसकी जानकारी बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) को दी गई फाइलिंग में दी है। इस बदलाव के बाद PNB की MCLR दरें अब 8.10% से 9.20% के बीच हैं, जबकि पहले ये 8.00% से 9.10% के दायरे में थीं। ब्याज दरों में इस बढ़ोतरी का असर उन ग्राहकों पर पड़ सकता है, जिन्होंने बैंक से MCLR से जुड़ा फ्लोटिंग रेट लोन लिया हुआ है।

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क्या होती है MCLR?

MCLR का पूरा नाम मार्जिनल कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट है। आसान भाषा में समझें तो यह वह न्यूनतम ब्याज दर होती है, जिसके नीचे बैंक आमतौर पर ग्राहकों को लोन नहीं दे सकते। हालांकि, कुछ मामलों में रेगुलेटरी छूट मिल सकती है।

बैंक होम लोन, पर्सनल लोन और बिजनेस लोन जैसे कई तरह के कर्ज की ब्याज दर तय करने के लिए इसे बेंचमार्क के तौर पर इस्तेमाल करते हैं। जिन ग्राहकों का लोन MCLR से जुड़ा होता है, उनकी ब्याज दर इस बेंचमार्क में बदलाव के आधार पर बढ़ या घट सकती है।

PNB की नई MCLR दरें क्या हैं?

PNB ने सभी छह टेन्योर की MCLR दरों में 10 बेसिस पॉइंट की बढ़ोतरी की है। इसमें ओवरनाइट MCLR अब 8.10% हो गई है, जो पहले 8.00% थी। इसी तरह एक महीने की MCLR 8.25% से बढ़कर 8.35% हो गई है। तीन महीने की अवधि वाली MCLR अब 8.50% से बढ़कर 8.60% हो गई है। वहीं, छह महीने की MCLR में भी 0.10% की बढ़ोतरी हुई है। यह अब 8.65% से बढ़कर 8.75% पर पहुंच गई है। एक साल की MCLR अब 8.80% के मुकाबले 8.90% हो गई है। वहीं, तीन साल की अवधि वाली MCLR 9.10% से बढ़कर 9.20% हो गई है।

Repo-Linked Lending Rate में कोई बदलाव नहीं

PNB ने अपनी रेपो-लिंक्ड लेंडिंग रेट (RLLR) में कोई बदलाव नहीं किया है। बैंक की RLLR बेंचमार्क स्प्रेड 0.35% सहित पहले की तरह 8.35% पर बरकरार है। RLLR वह ब्याज दर होती है, जो सीधे रिजर्व बैंक (RBI) की रेपो रेट से जुड़ी होती है। रेपो रेट में बदलाव होने पर इससे जुड़े लोन की ब्याज दरों में भी बदलाव हो सकता है।

बैंक ने अपनी बेस रेट में भी कोई बदलाव नहीं किया है। यह पहले की तरह 9.50% पर बनी हुई है। यानी फिलहाल PNB ने सिर्फ MCLR से जुड़ी ब्याज दरों में बढ़ोतरी की है। RLLR और बेस रेट में कोई बदलाव नहीं हुआ है।

क्या ग्राहकों की बढ़ेगी EMI?

PNB की MCLR में बढ़ोतरी का असर उन ग्राहकों पर पड़ सकता है, जिन्होंने MCLR से जुड़े फ्लोटिंग रेट पर होम लोन, पर्सनल लोन या बिजनेस लोन लिया है। जब उनके लोन की ब्याज दर रीसेट होगी, तब नई MCLR के हिसाब से ब्याज दर बढ़ सकती है। इससे लोन की EMI बढ़ने या लोन चुकाने की कुल लागत बढ़ने की आशंका है।

हालांकि, इसका असर हर ग्राहक पर एक जैसा नहीं होगा। यह इस बात पर निर्भर करेगा कि ग्राहक का लोन किस MCLR टेन्योर से जुड़ा है, उसके लोन का रीसेट डेट कब है और अभी कितना लोन बकाया है। वहीं, RLLR से जुड़े लोन लेने वाले ग्राहकों पर इस बदलाव का सीधा असर नहीं पड़ेगा, क्योंकि बैंक ने RLLR में कोई बदलाव नहीं किया है।

लेखकों के बारे में

Upstox
Upstox Hindi News Desk पत्रकारों की एक टीम है जो शेयर बाजारों, अर्थव्यवस्था, वस्तुओं, नवीनतम व्यावसायिक रुझानों और व्यक्तिगत वित्त को उत्साहपूर्वक कवर करती है।

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