मार्केट न्यूज़
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4 min read | अपडेटेड September 01, 2026, 13:56 IST
सारांश
आज ज्यादातर केबल स्टॉक्स में बिकवाली का जबरदस्त दबाव है। Polycab India का शेयर 2.32 फीसदी की गिरावट के साथ 8985 रुपये के भाव पर आ गया है। KEI Industries का शेयर भी करीब 4 फीसदी टूटकर 5369.45 रुपये के भाव पर आ गया।

Polycab India का शेयर 2.32 फीसदी की गिरावट के साथ 8985 रुपये के भाव पर आ गया है।
केबल्स और वायर (C&W) कंपनियों के शेयरों में आज 1 सितंबर को भारी बिकवाली हो रही है। दरअसल, UltraTech Cement ने वायर और केबल बिजनेस में एंट्री कर ली है। कंपनी ने गुजरात में अपनी नई फैसिलिटी में कमर्शियल प्रोडक्शन शुरू कर दिया है। इस खबर के बाद आज केबल्स और वायर कंपनियों के शेयरों में गिरावट है। इनमें Polycab India, KEI Industries, Havells India, Finolex Cables और RR Kabel जैसे शेयर शामिल हैं।
आज ज्यादातर केबल स्टॉक्स में बिकवाली का जबरदस्त दबाव है। Polycab India का शेयर 2.32 फीसदी की गिरावट के साथ 8985 रुपये के भाव पर आ गया है। KEI Industries का शेयर भी करीब 4 फीसदी टूटकर 5369.45 रुपये के भाव पर आ गया। Havells India में भी करीब 1 फीसदी की कमजोरी है। हालांकि Finolex Cables और R R Kabel के शेयरों में तेजी देखने को मिली।
UltraTech Cement ने गुजरात स्थित अपने प्लांट में वायर और केबल का कमर्शियल उत्पादन शुरू कर दिया है। इस प्लांट की इंस्टॉल्ड कैपेसिटी करीब 11 लाख किलोमीटर है। UltraTech की इस एंट्री से पहले से मौजूद केबल और वायर कंपनियों के बीच प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है। इसी वजह से मंगलवार को इस सेक्टर के शेयरों में हलचल देखने को मिली।
कंपनी ने वायर और केबल कारोबार में उतरने का फैसला अपने बिल्डिंग मैटेरियल्स पोर्टफोलियो को बढ़ाने और निर्माण क्षेत्र की बढ़ती मांग का फायदा उठाने के लिए किया है। जून तिमाही के नतीजों के समय UltraTech ने कहा था कि उसका Cables and Wires बिजनेस FY27 की तीसरी तिमाही में लॉन्च होने की राह पर है।
UltraTech ने इस कारोबार के लिए कुल ₹1800 करोड़ निवेश की योजना बनाई है। जून 2026 तक कंपनी इसमें करीब ₹888 करोड़ खर्च कर चुकी थी। कंपनी को जरूरी रेगुलेटरी सर्टिफिकेशन भी मिल चुका है और Light Duty Cables यानी LDC वायर का ट्रायल प्रोडक्शन शुरू हो चुका था।
UltraTech ने फरवरी 2025 में वायर और केबल कारोबार में उतरने का ऐलान किया था। कंपनी गुजरात में प्लांट लगाकर निर्माण क्षेत्र की पूरी वैल्यू चेन में अपनी मौजूदगी बढ़ाना चाहती है। कंपनी का लक्ष्य रेजिडेंशियल, कमर्शियल, इंफ्रास्ट्रक्चर और इंडस्ट्रियल सेक्टर में बढ़ती वायर और केबल मांग को पूरा करना है।
भारत का वायर और केबल बाजार तेजी से बढ़ रहा है। अनुमान के मुताबिक, इसका बाजार आकार 2025 में 21.22 अरब डॉलर से बढ़कर 2026 में 23.13 अरब डॉलर हो सकता है। 2031 तक इसके 35.58 अरब डॉलर पहुंचने का अनुमान है।
इस ग्रोथ को घरों की बढ़ती मांग, रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स, टेलीकॉम विस्तार और डेटा सेंटर जैसे सेक्टर से सपोर्ट मिल रहा है। 2030 तक 500 GW नॉन-फॉसिल एनर्जी क्षमता का सरकारी लक्ष्य भी केबल कंपनियों के लिए लंबे समय में मांग बढ़ा सकता है।
UltraTech की एंट्री से Polycab, KEI Industries, Havells, Finolex Cables और RR Kabel जैसी कंपनियों के लिए प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है। एक मजबूत ब्रांड और बड़े कारोबारी नेटवर्क वाली कंपनी के आने से मार्केट शेयर और कीमतों को लेकर मुकाबला तेज होने की संभावना है।
FY27 की पहली तिमाही में केबल और वायर कंपनियों के नतीजे कुल मिलाकर उम्मीदों के मुताबिक रहे। Polycab और RR Kabel जैसी कंपनियों ने रेवेन्यू और मुनाफे में अच्छी ग्रोथ दर्ज की। पावर ट्रांसमिशन, डेटा सेंटर, कंस्ट्रक्शन और ऑयल एंड गैस सेक्टर से मजबूत मांग ने कंपनियों को सपोर्ट दिया।
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