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HPCL, BPCL और IOC के शेयरों में हलचल, एक्साइज ड्यूटी घटने से इन कंपनियों को कैसे होगा फायदा

Shubham Singh Thakur

2 min read | अपडेटेड March 27, 2026, 11:14 IST

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सारांश

सरकार ने पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी कम करने का ऐलान किया है। पहले पेट्रोल पर ₹13 प्रति लीटर टैक्स था, अब इसे घटाकर ₹3 कर दिया गया है। इसके अलावा डीजल पर ₹10 की ड्यूटी पूरी तरह हटा दी गई है।

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OMCs

OMCs: असल में एक्साइज ड्यूटी कम होने से इन कंपनियों की लागत कम हो जाती है।

OMCs: सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर लगने वाली एक्साइज ड्यूटी काफी कम कर दी है। इस खबर के बाद आज ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) के शेयरों में तेजी देखी गई। आज के कारोबार में BPCL का शेयर करीब 5 फीसदी तक उछल गया। इसके अलावा HPCL में करीब 4 फीसदी और IOC में करीब 2.40 फीसदी तक की तेजी देखी गई। हालांकि यह तेजी बरकरार नहीं रह सकी। रिपोर्ट लिखे जाने के समय ये सभी शेयर लाल निशान पर चले गए थे।
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क्या है इन शेयरों में हलचल की वजह

सरकार ने पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी कम करने का ऐलान किया है। पहले पेट्रोल पर ₹13 प्रति लीटर टैक्स था, अब इसे घटाकर ₹3 कर दिया गया है। इसके अलावा डीजल पर ₹10 की ड्यूटी पूरी तरह हटा दी गई है।

असल में ड्यूटी कम होने से इन कंपनियों की लागत कम हो जाती है। अगर पेट्रोल-डीजल के दाम नहीं घटाए जाते, तो ये फायदा कंपनियों के पास ही रहता है। इससे उनकी मार्केटिंग मार्जिन बढ़ती है, कैश फ्लो बेहतर होता है और बैलेंस शीट मजबूत होती है। यानी शॉर्ट टर्म में ये खबर कंपनियों के लिए पॉजिटिव है।

क्रूड ऑयल की बढ़ती कीमत

ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के लिए इस समय एक बड़ी दिक्कत क्रूड ऑयल में तेजी है। ब्रेंट क्रूड ऑयल के भाव में आज गिरावट तो आई है लेकिन यह अब भी 101 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर बना हुआ है। महंगे कच्चे तेल के कारण कंपनियां पहले से ही घाटे में चल रही थीं, क्योंकि वे ग्राहकों को महंगा फ्यूल नहीं बेच पा रही हैं।

क्या है एक्सपर्ट्स की राय

एक्सपर्ट्स का कहना है कि अभी भी ऑयल कंपनियों का घाटा बहुत ज्यादा है। पंप प्राइस तुरंत कम होने की संभावना नहीं है। यानी कंपनियों को अभी भी दबाव झेलना पड़ेगा। इस फैसले से सरकार पर भी दबाव बढ़ने की आशंका है। एक्साइज ड्यूटी घटाने से सरकार को करीब ₹1.55 लाख करोड़ का नुकसान हो सकता है। लेकिन सरकार ने ये कदम इसलिए उठाया ताकि ऑयल कंपनियों का भारी नुकसान थोड़ा कम हो सके और मार्केट स्टेबल रहे।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

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