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  1. HDFC Bank के शेयर 2% तक लुढ़के, मार्केटिंग खर्च के नाम पर ₹45 करोड़ अतिरिक्त ब्याज देने का लगा आरोप

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HDFC Bank के शेयर 2% तक लुढ़के, मार्केटिंग खर्च के नाम पर ₹45 करोड़ अतिरिक्त ब्याज देने का लगा आरोप

Upstox

2 min read | अपडेटेड May 27, 2026, 12:52 IST

सारांश

HDFC Bank: मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक FY24 और FY25 के दौरान MSRDC ने बैंक में कुछ बड़ी रकम जमा कर रखी थी। आरोप है कि उस जमा राशि पर “डिफरेंशियल इंटरेस्ट” यानी अतिरिक्त ब्याज के तौर पर करीब 45 करोड़ रुपये दिए गए।

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HDFC Bank

HDFC Bank: रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि जांच में बैंक के कई वरिष्ठ अधिकारियों के नाम सामने आए।

HDFC Bank के शेयरों में आज 27 मई को बिकवाली का दबाव है। यह शेयर आज 2.26 फीसदी गिरकर 761.40 रुपये प्रति शेयर के भाव पर आ गया। दरअसल, द इंडिनय एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि बैंक ने करीब 45 करोड़ रुपये के ब्याज भुगतान को लेकर अंदरूनी जांच कराई थी। यह मामला महाराष्ट्र स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (MSRDC) से जुड़ा है।

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क्या हैं आरोप

रिपोर्ट के मुताबिक FY24 और FY25 के दौरान MSRDC ने बैंक में कुछ बड़ी रकम जमा कर रखी थी। आरोप है कि उस जमा राशि पर “डिफरेंशियल इंटरेस्ट” यानी अतिरिक्त ब्याज के तौर पर करीब 45 करोड़ रुपये दिए गए। लेकिन यह पैसा सीधे MSRDC के खाते में भेजने के बजाय कथित तौर पर बैंक के मार्केटिंग विभाग के जरिए “रोड सेफ्टी अवेयरनेस कैंपेन” के खर्च के रूप में दिखाया गया। इसके लिए कुछ लोकल वेंडर्स का इस्तेमाल किया गया था।

रिपोर्ट में बताया गया कि बैंक की ऑडिट कमेटी ने 12 मार्च को इस मामले की जांच शुरू कराई थी। इसके कुछ दिनों बाद 18 मार्च को बैंक के पूर्व चेयरमैन Atanu Chakraborty ने अचानक इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने इस्तीफे की वजह बैंक के अंदर कुछ घटनाओं को लेकर चिंता बताई थी।

इन अधिकारियों के भी आए नाम

रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि जांच में बैंक के कई वरिष्ठ अधिकारियों के नाम सामने आए। इनमें MD और CEO Sashidhar Jagdishan, CFO Srinivasan Vaidyanathan और Chief Marketing Officer Ravi Santhanam शामिल हैं। आरोप है कि इन्हें ब्याज के अंतर की भरपाई को लेकर चल रही चर्चाओं की जानकारी थी।

जांच में RBI के ब्याज नियमों और बैंक की आंतरिक एंटी-ब्राइबरी तथा गवर्नेंस पॉलिसी के संभावित उल्लंघन की बात भी कही गई है। साथ ही कुछ वेंडर बिलों में सही डॉक्युमेंटेशन और वेरिफिकेशन की कमी होने का आरोप भी लगा है। हालांकि खबर छपने तक HDFC Bank, RBI और MSRDC की तरफ से मामले पर कोई आधिकारिक जवाब नहीं आया था।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

लेखकों के बारे में

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Upstox Hindi News Desk पत्रकारों की एक टीम है जो शेयर बाजारों, अर्थव्यवस्था, वस्तुओं, नवीनतम व्यावसायिक रुझानों और व्यक्तिगत वित्त को उत्साहपूर्वक कवर करती है।

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