return to news
  1. Deepa Jewellers IPO: 1 सितंबर से खुलेगा ज्वेलरी होलसेलर का आईपीओ, कैसा है बिजनेस मॉडल और फाइनेंशियल?

मार्केट न्यूज़

Deepa Jewellers IPO: 1 सितंबर से खुलेगा ज्वेलरी होलसेलर का आईपीओ, कैसा है बिजनेस मॉडल और फाइनेंशियल?

Shubham Singh Thakur

4 min read | अपडेटेड August 31, 2026, 14:38 IST

सारांश

Deepa Jewellers के IPO के तहत 250 करोड़ रुपये के नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे। इसके अलावा 209.72 करोड़ रुपये के शेयरों की बिक्री ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए की जाएगी। इस IPO के लिए 84 शेयरों का लॉट साइज तय किया गया है।

Deepa Jewellers IPO

Deepa Jewellers के IPO के तहत 250 करोड़ रुपये के नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे।

हैदराबाद की ज्वेलरी बिजनेस से जुड़ी कंपनी Deepa Jewellers का IPO 1 सितंबर को सब्सक्रिप्शन के लिए खुलने वाला है। कंपनी पब्लिक इश्यू के जरिए 459.72 करोड़ रुपये जुटाना चाहती है। इसके लिए 168-177 रुपये का प्राइस बैंड तय किया गया है। निवेशकों के पास इसमें 3 सितंबर तक निवेश का मौका रहेगा। यह कंपनी खुद कोई दुकान खोलकर आम जनता को सोने के गहने नहीं बेचती है। यह एक होलसेलर है, जो गहनों के बड़े-बड़े ब्रांड्स को सोने और हीरे के आभूषण सप्लाई करती है। यहां इस आईपीओ से जुड़ी पूरी जानकारी दी गई है।

Open FREE Demat Account within minutes!
Join now

Deepa Jewellers IPO का स्ट्रक्चर

Deepa Jewellers के IPO के तहत 250 करोड़ रुपये के नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे। इसके अलावा 209.72 करोड़ रुपये के शेयरों की बिक्री ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए की जाएगी। OFS के तहत प्रमोटर आशीष अग्रवाल और उनकी पत्नी सीमा अग्रवाल 1.18 करोड़ तक के इक्विटी शेयरों की बिक्री करेंगे। OFS से मिलने वाली रकम सीधे शेयर बेचने वाले शेयरधारकों को जाएगी। एमके ग्लोबल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड इस इश्यू की बुक रनिंग लीड मैनेजर है और बिगशेयर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड इसकी रजिस्ट्रार है।

क्या है लॉट साइज

इस IPO के लिए 84 शेयरों का लॉट साइज तय किया गया है। अपर प्राइस बैंड पर एक रिटेल निवेशक को इसमें 14,868 रुपये का निवेश करना होगा। सब्सक्रिप्शन के बाद सफल निवेशकों को शेयरों का अलॉटमेंट 4 सितंबर को किया जाएगा। वहीं BSE और NSE पर लिस्टिंग की संभावित तारीख 8 सितंबर तय की गई है।

कहां होगा फंड का इस्तेमाल

Deepa Jewellers नए इश्यू से मिलने वाली रकम में से ₹215 करोड़ का इस्तेमाल मुख्य रूप से अपनी लंबे समय की वर्किंग कैपिटल जरूरतों को पूरा करने के लिए करेगी, जिसमें इन्वेंट्री खरीदना, उसका रखरखाव और उसे बढ़ाना शामिल है। इस रकम का एक हिस्सा सामान्य कॉर्पोरेट कामों और IPO से जुड़े खर्चों के लिए भी इस्तेमाल किया जाएगा।

दीपा ज्वैलर्स के IPO में इश्यू के शेयरों का 50% हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए, 15% हिस्सा नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) के लिए और 35% हिस्सा रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व किया गया है।

क्या करती है कंपनी

दीपा ज्वैलर्स सोने और हीरे की ज्वेलरी का रिटेल और होलसेल कारोबार करती है। इसके पोर्टफोलियो में अंगूठियां, नेकलेस, ईयररिंग्स, चूड़ियां और ग्राहकों की जरूरत के हिसाब से बनाई जाने वाली कस्टमाइज्ड ज्वेलरी शामिल है। कंपनी पारंपरिक के साथ-साथ मॉडर्न डिजाइन की ज्वेलरी भी बेचती है।

कंपनी का B2B ज्वेलरी कारोबार तेलंगाना, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और केरल में फैला हुआ है। दीपा ज्वैलर्स मुख्य रूप से ज्वेलरी की डिजाइनिंग और सोर्सिंग पर ध्यान देती है। ज्वेलरी की मैन्युफैक्चरिंग का काम दूसरी कंपनियों से कराया जाता है। इसके बाद तैयार ज्वेलरी को रिटेल चेन और स्वतंत्र ज्वेलरी स्टोर्स को सप्लाई किया जाता है।

कैसा है फाइनेंशियल

दीपा ज्वैलर्स ने हाल के वर्षों में वित्तीय प्रदर्शन में अच्छी बढ़त दर्ज की है। FY26 में कंपनी का मुनाफा 158.2% बढ़कर ₹104.8 करोड़ हो गया, जबकि FY25 में यह ₹40.58 करोड़ था। वहीं, FY26 में कंपनी का रेवेन्यू 37.9% बढ़कर ₹1,926.7 करोड़ पहुंच गया। FY25 में कंपनी का रेवेन्यू ₹1,397 करोड़ था। यानी कंपनी के कारोबार और मुनाफे, दोनों में मजबूत ग्रोथ देखने को मिली है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

अगला लेख