मार्केट न्यूज़
.png)
4 min read | अपडेटेड January 31, 2025, 15:49 IST
सारांश
Budget Impact on Share Market: साल 2014 के बाद से 2021 के बजट के बाद बाजार में सबसे ज्यादा उछाल देखा गया था जब SENSEX 5% ऊपर चला गया था और NIFTY50 4.74% ऊपर पहुंच गया था।

साल 2014 के बाद से मिलाजुला रहा है ट्रेंड
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण शनिवार, 1 फरवरी को अपना आठवां बजट पेश करने जा रही हैं। यूं तो स्टॉक एक्सचेंज पर शनिवार को काराबोर नहीं होता है, 1 तारीख को नेशनल स्टॉक एक्सचेंज और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज, दोनों खुले रहेंगे। बाजार को उम्मीद रहेगी कि बजट में होने वाले ऐलान से इस बार उसके लिए कुछ सकारात्मक निकलकर आए।
गौरतलब है कि पिछले तीन बजट का NIFTY50 और SENSEX पर नकारात्मक असर रहा है और दोनों पर गिरावट दर्ज की गई है। इस बार शनिवार को बजट पेश होगा लेकिन बजट आने के बाद निवेशकों की प्रतिक्रिया को समझने के लिए स्टॉक एक्सचेंज को खुला रखने का ऐलान किया गया है। इस दौरान कारोबार सामान्य दिनों की तरह ही चलेगा।
NSE ने एक एक्सचेंज फाइलिंग में बताया था कि केंद्रीय बजट के पेश किए जाने के चलते शनिवार, 1 फरवरी 2025 को सामान्य मार्केट समय के अनुसार एक लाइव ट्रेडिंग सेशन किया जाएगा। इसी तरह BSE ने भी सर्कुलर जारी कर सामान्य कारोबार करने का ऐलान किया था।
पिछले साल जुलाई 2025 के बजट के बाद बाजार में थोड़ी गिरावट देखी गई थी। NIFTY50 में 0.12% गिरावट दर्ज की गई थी। ऐसा फ्यूचर्स ऐंड ऑप्शन्स (F&Os) ट्रेडिंग पर सिक्यॉरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) बढ़ाए जाने और कैपिटल गेन्स टैक्स बढ़ाने के चलते हुआ था।
बजट में कुछ वित्तीय संपत्तियों पर शॉर्ट टर्म गेन्स को 15% से बढ़ाकर 20% कर दिया गया था जबकि वित्तीय और गैर-वित्तीय संपत्तियों पर लॉन्ग-टर्म कैपिटल गेन्स 10% से बढ़कर 12.5% पर कर दिया गया था। इसके अलावा F&O पर STT 0.01% से बढ़ाकर 0.02% कर दिया गया था।
इसके पहले फरवरी, 2024 में अंतरिम बजट के बाद NIFTY50 में 0.13% की गिरावट दर्ज की गई थी जबकि SENSEX 0.25% नीचे आ गया था। Larsen & Toubro, Bajaj Finance, और Bharti Airtel जैसे स्टॉक्स काफी नीचे आ गिरे थे। बजट में सरकार ने किसी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष कर में बदलाव का प्रस्ताव नहीं दिया था।
साल 2014 के बाद से 2021 के बजट के बाद बाजार में सबसे ज्यादा उछाल देखा गया था जब SENSEX 5% ऊपर चला गया था और NIFTY50 4.74% ऊपर पहुंच गया था। यह बढ़त कोविड-19 की महामारी के बाद आर्थिक रिकवरी को लेकर सकारात्मकता, सेक्टर्स को सपॉर्ट करने वाले कदमों और प्रोत्साहन के चलते देखी गई थी।
सबसे आगे रहा था BANK NIFTY जिसने सभी सेक्टर्स को पीछे छोड़ दिया था। दरअसल, सरकार ने पब्लिक सेक्टर बैंकों को ₹20,000 देने का ऐलान किया था।
वहीं, बीमा स्टॉक्स भी 3% से 6% ऊपर पहुंच गए थे क्योंकि सरकार ने बीमा क्षेत्र में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश की सीमा को बढ़ाकर 74% कर दिया था। इन्फ्रा स्टॉक्स को भी फायदा हुआ था क्योंकि केंद्र ने नेशनल बैंकिंग फाइनेंसिंग डिवेलपमेंट (NaBFID) का ऐलान किया था। NaBFID का काम देश में बुनियादी ढांचे के निर्माण को फाइनेंस करने का है।
| वर्ष | बजट पेश करने की तारीख | बजट दिवस पर सेंसेक्स की वृद्धि/हानि | बजट दिवस पर निफ्टी की वृद्धि/हानि |
|---|---|---|---|
| 2014 | जुलाई 10 | 0.73% | 0.69% |
| 2015 | फरवरी 28 | 0.67% | 0.59% |
| 2016 | फरवरी 29 | 0.41% | 0.36% |
| 2017 | फरवरी 1 | 1.76% | 1.75% |
| 2018 | फरवरी 1 | 0.16% | 0.15% |
| 2019 | फरवरी 1 | 0.62% | 0.63% |
| 2020 | फरवरी 1 | 0.99% | 1.02% |
| 2021 | फरवरी 1 | 5.00% | 4.74% |
| 2022 | फरवरी 1 | 1.07% | 1.08% |
| 2023 | फरवरी 1 | 1.09% | 1.10% |
| 2024 | फरवरी 1 | 0.42% | 0.43% |
संबंधित समाचार
लेखकों के बारे में
.png)
अगला लेख
How To Use Open Interest For Intraday Trading: Complete Guide
What Is Stop Loss In Trading? Meaning, Types, & How To Use It
What Is ICRA? Why Its Credit Ratings Matter To Investors
Explore Learning Centre
All topics · stocks, MFs, derivatives, IPOs