मार्केट न्यूज़

4 min read | अपडेटेड August 25, 2026, 09:48 IST
सारांश
2005 में बनी शंकेश ज्वैलर्स लिमिटेड, कस्टम-मेड हाथ से बनी सोने की ज्वैलरी बनाने और बेचने का काम करती है। कंपनी 22-कैरेट और 18-कैरेट सोने की ज्वैलरी में माहिर है।

शंकेश ज्वेलर्स के शेयरों की लिस्टिंग (Photo: Shutterstock)
आईपीओ मार्केट में आज भी हलचल वाला दिन है। आज दो मेनबोर्ड आईपीओ लिस्ट हो गए हैं, जबकि एक मेनबोर्ड आईपीओ का आज अलॉटमेंट फाइनलाइज होना है। इसके अलावा एक मेनबोर्ड आईपीओ आज से सब्सक्रिप्शन के लिए भी खुलने जा रहा है। आज शंकेश ज्वेलर्स लिमिटेड के शेयर अपना डेब्यू कर चुके हैं। शंकेश ज्वेलर्स आईपीओ का सब्सक्रिप्शन अच्छा रहा था, ऐसे में निवेशकों को लिस्टिंग गेन की उम्मीद लगी हुई थी। शंकेश ज्वेलर्स के शेयर एनएसई पर 11% प्रीमियम यानी कि प्रति शेयर 10 रुपये के प्रॉफिट पर लिस्ट हुए हैं। 93 रुपये के इश्यू प्राइस के मुकाबले शंकेश ज्वेलर्स के शेयर 103.30 रुपये पर लिस्ट हुए हैं। वहीं बीएसई पर इसके शेयर 102.20 रुपये पर लिस्ट हुए। शंकेश ज्वेलर्स आईपीओ 367.18 करोड़ रुपये का बुक-बिल्ड इश्यू है। इस इश्यू में 274.18 करोड़ रुपये के 2.95 करोड़ नए शेयरों का इश्यू और 93 करोड़ रुपये के 1 करोड़ शेयरों की बिक्री का ऑफर (OFS) शामिल है।
शंकेश ज्वेलर्स आईपीओ के लिए बोली 18 अगस्त, 2026 को शुरू हुई थी और 20 अगस्त, 2026 को खत्म हो गई थी। शंकेश ज्वेलर्स आईपीओ के लिए शेयरों का अलॉटमेंट 21 अगस्त को फाइनलाइज कर दिया गया था।
शंकेश ज्वेलर्स आईपीओ के लिए फाइनल इश्यू प्राइस 93 रुपये प्रति शेयर तय किया गया। एप्लीकेशन के लिए लॉट साइज 160 शेयर रखा गया। एक व्यक्तिगत निवेशक (रिटेल) के लिए जरूरी कम से कम निवेश राशि 14,880 रुपये (160 शेयर) रखी गई।
शंकेश ज्वेलर्स आईपीओ 2.80 गुना सब्सक्राइब हुआ था। 20 अगस्त, 2026 को शाम 6:54:37 बजे (तीसरे दिन) तक, इस पब्लिक इश्यू को रिटेल कैटेगरी में 2.42 गुना, QIB (एंकर को छोड़कर) कैटेगरी में 1.32 गुना और NII कैटेगरी में 5.68 गुना सब्सक्रिप्शन मिला था।
2005 में बनी शंकेश ज्वेलर्स लिमिटेड, कस्टम-मेड हाथ से बनी सोने की ज्वेलरी बनाने और बेचने का काम करती है। कंपनी 22-कैरेट और 18-कैरेट सोने की ज्वेलरी में माहिर है। इसके पास कई तरह के प्रोडक्ट हैं, जैसे चूड़ियां, ब्राइडल ज्वेलरी, चोकर, झुमके, नेकलेस सेट, मंगलसूत्र, अंगूठियां और कंबाइंड सेट। ये एंटीक, सेमी-एंटीक, कलकत्ता, टेम्पल, गेरू पॉलिश और येलो/रोडियम/रोज गोल्ड ज्वेलरी जैसी कैटेगरी में उपलब्ध हैं।
कंपनी पूरे भारत में कॉर्पोरेट और नॉन-कॉर्पोरेट कस्टमर्स को अपने प्रोडक्ट बेचती है। इसके कस्टमर्स में जाने-माने ज्वेलर्स शामिल हैं, जैसे जॉयलुक्कास इंडिया लिमिटेड, पी. एन. गाडगिल एंड संस लिमिटेड, कल्याण ज्वेलर्स इंडिया लिमिटेड, नोवेल ज्वेल्स लिमिटेड (आदित्य बिड़ला ग्रुप), मनोज वैभव जेम्स 'एन' ज्वेलर्स लिमिटेड और दूसरे स्थापित ज्वेलरी हाउस।
शंकेश ज्वेलर्स 'एसेट-लाइट' मॉडल अपनाती है। इसमें प्रोडक्शन के लिए कुशल स्थानीय कारीगरों और जॉब-वर्कर्स की मदद ली जाती है, जबकि डिजाइन, मटीरियल सोर्सिंग और डिलीवरी का काम कंपनी खुद संभालती है। प्रोडक्ट बेचने के अलावा, यह जॉब-वर्क सर्विस भी देती है, जिसमें कस्टमर्स बुलियन (कच्चा सोना) और खास डिजाइन की जरूरतें बताते हैं। सभी ज्वेलरी रेगुलेटरी गाइडलाइंस के अनुसार BIS-हॉलमार्क वाली होती हैं।
इसके प्रोडक्ट पोर्टफोलियो को दो हिस्सों में बांटा गया है-
हाथ से बनी ज्वेलरी (22k और 18k) की बिक्री
कस्टम जॉब वर्क सर्विस (क्लाइंट द्वारा दिए गए बुलियन और डिजाइन को पूरा करना)
हाथ से बनी ज्वेलरी के मार्केट में तीन दशकों से ज्यादा के अनुभव के साथ, कंपनी ने बेहतरीन डिजाइन, कारीगरी और कस्टमाइज्ड समाधान देकर बड़े ज्वेलरी ब्रांड्स के साथ मजबूत रिश्ते बनाए हैं। 31 मई, 2026 तक, कंपनी के पेरोल पर 46 स्थायी कर्मचारी थे, जिनमें एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर और KMP, अकाउंट्स और फाइनेंस, एडमिनिस्ट्रेशन, सेल्स और मार्केटिंग, डिजाइनिंग और क्लाइंट सर्विसिंग, और क्वॉलिटी से जुड़े कर्मचारी शामिल थे। कंपनी 72 जॉब-वर्कर्स के साथ भी जुड़ी हुई थी।
संबंधित समाचार
लेखकों के बारे में

अगला लेख