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  1. SBI फंड्स मैनेजमेंट में लिस्टिंग के बाद लगातार गिरावट, 1 हफ्ते में IPO प्राइस से नीचे फिसला शेयर

मार्केट न्यूज़

SBI फंड्स मैनेजमेंट में लिस्टिंग के बाद लगातार गिरावट, 1 हफ्ते में IPO प्राइस से नीचे फिसला शेयर

Shubham Singh Thakur

3 min read | अपडेटेड July 30, 2026, 14:57 IST

सारांश

SBI Funds Management के शेयरों की 21 जुलाई को शेयर बाजार में लिस्टिंग हुई थी। लिस्टिंग के बाद से अब तक 7 में से 6 कारोबारी दिनों में SBI Funds Management के शेयर में गिरावट दर्ज की गई है। इस दौरान यह शेयर 6.66 फीसदी तक टूट गया।

शेयर सूची

SBI Funds Management

SBI Funds Management के शेयर 21 जुलाई को बाजार में 613.30 रुपये पर लिस्ट हुए थे।

हाल ही में शेयर बाजार में लिस्ट हुई कंपनी SBI Funds Management के शेयरों में आज करीब 2 फीसदी तक की गिरावट देखी गई। इस गिरावट के साथ यह शेयर अपने IPO प्राइस से नीचे फिसल गए। रिपोर्ट लिखे जाने के समय कंपनी के शेयर BSE पर 569 रुपये प्रति शेयर के भाव पर ट्रेड कर रहे थे, जबकि इसका इश्यू प्राइस 574 रुपये रखा गया था। इसके साथ ही कंपनी का मार्केट कैप भी घटकर 1.15 लाख करोड़ रुपये पर आ गया है।

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पिछले कारोबारी सत्र में भी शेयर कुछ समय के लिए IPO प्राइस से नीचे चला गया था, लेकिन बाद में रिकवरी करते हुए 576.05 रुपये पर बंद हुआ था। इसके बावजूद लिस्टिंग के बाद से शेयर पर दबाव बना हुआ है।

7 में से 6 कारोबारी सत्र में आई गिरावट

SBI Funds Management के शेयरों की 21 जुलाई को शेयर बाजार में लिस्टिंग हुई थी। लिस्टिंग के बाद से अब तक 7 में से 6 कारोबारी दिनों में SBI Funds Management के शेयर में गिरावट दर्ज की गई है। इस दौरान यह शेयर 6.66 फीसदी तक टूट गया।

लिस्टिंग पर मिला था अच्छा प्रीमियम

SBI Funds Management के शेयर 21 जुलाई को बाजार में 613.30 रुपये पर लिस्ट हुए थे। यह 574 रुपये के IPO प्राइस से करीब 7% प्रीमियम था। कंपनी का IPO 14 से 16 जुलाई के बीच खुला था। इसका प्राइस बैंड 545 रुपये से 574 रुपये प्रति शेयर था।इस आईपीओ का इश्यू साइज 9,795.32 करोड़ रुपये था।

निवेशकों ने जमकर लगाया था दांव

SBI Funds Management के आईपीओ को निवेशकों की ओर से 41.66 गुना सब्सक्रिप्शन मिला था। इसके तहत क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIBs) का हिस्सा कुल 140 गुना सब्सक्राइब हो गया। वहीं NIIs के हिस्से को 22.51 गुना, रिटेल निवेशकों के हिस्से को 3.60 गुना, एम्प्लॉयीज के लिए रिजर्व हिस्से को 4.65 गुना और शेयरहोल्डर्स के लिए रिजर्व पोर्शन को 9.52 गुना सब्सक्रिप्शन मिला था।

देश की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनी

1987 में स्थापित SBI Funds Management तिमाही औसत एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (QAAUM) के आधार पर भारत की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनी है। 31 मार्च 2026 तक कंपनी के पास 12.51 लाख करोड़ रुपये की म्यूचुअल फंड संपत्तियां थीं और इसका बाजार में 15.3% हिस्सा था।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

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