return to news
  1. अगस्त की बंपर बिक्री भी नहीं आई काम, क्रूड की तेजी ने ऑटो सेक्टर का बिगाड़ा हाल

मार्केट न्यूज़

अगस्त की बंपर बिक्री भी नहीं आई काम, क्रूड की तेजी ने ऑटो सेक्टर का बिगाड़ा हाल

विकास तिवारी

3 min read | अपडेटेड September 02, 2026, 13:15 IST

सारांश

2 सितंबर को कच्चे तेल की कीमतों में आए उछाल के कारण ऑटो शेयरों में भारी बिकवाली देखी गई। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव से क्रूड ऑयल महंगा हो गया है। इससे अगस्त महीने के शानदार बिक्री आंकड़ों के बावजूद निफ्टी ऑटो इंडेक्स 2% से ज्यादा टूट गया।

nifty-auto-index-falls-crude-oil

कच्चे तेल में तेजी के कारण ऑटो शेयरों में गिरावट, जानिए बाजार का ताजा हाल।

भारतीय शेयर बाजार में 2 सितंबर को ऑटो शेयरों पर तगड़ी बिकवाली का दबाव देखने को मिला है। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ने की वजह से कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल आया है, जिसका सीधा असर ऑटो कंपनियों के शेयरों पर पड़ा है। अगस्त महीने में कंपनियों की गाड़ियों की मजबूत बिक्री और ब्रोकरेज हाउसों की पॉजिटिव रिपोर्ट के बावजूद निफ्टी ऑटो इंडेक्स 2% से ज्यादा टूट गया। सुबह के कारोबार में निफ्टी ऑटो इंडेक्स 2.24% गिरकर 27853.55 के स्तर पर आ गया था और यह पूरे बाजार के मुकाबले खराब प्रदर्शन कर रहा था।

Open FREE Demat Account within minutes!
Join now

कच्चे तेल की तेजी ने बिगाड़ा खेल

अमेरिका और ईरान के बीच एक दूसरे पर हमलों के बाद मिडिल ईस्ट से कच्चे तेल की सप्लाई रुकने की चिंता बढ़ गई है। इसके चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रांड क्रूड 0.8% बढ़कर 95.40 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। वहीं डब्ल्यूटीआई क्रूड भी 0.5% चढ़कर 90.66 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था। कच्चे तेल के महंगे होने से ऑटो कंपनियों के लिए इनपुट और ट्रांसपोर्टेशन कॉस्ट बढ़ जाती है। साथ ही इससे पेट्रोल-डीजल महंगा होने से गाड़ियों की डिमांड पर भी बुरा असर पड़ता है। इसी डर से निवेशकों ने ऑटो शेयरों से दूरी बना ली।

हीरो मोटोकॉर्प और आयशर में बड़ी गिरावट

ऑटो इंडेक्स के लगभग सभी शेयरों में लाल निशान में कारोबार होता देखा गया। दोपहर तक इसमें सबसे ज्यादा नुकसान हीरो मोटोकॉर्प को हुआ, जिसका शेयर 5.18% टूटकर 5267.50 रुपये पर आ गया। इसके बाद आयशर मोटर्स 3.99% गिरकर 7652 रुपये पर बंद हुआ। इसके अलावा बॉश में 3.43%, सोना कॉमस्टार में 3.05% और बजाज ऑटो में 2.75% की गिरावट दर्ज की गई। महिंद्रा एंड महिंद्रा का शेयर 1.86%, मारुति सुजुकी 1.32% और टीवीएस मोटर 0.98% नीचे गिरकर कारोबार कर रहे थे।

अगस्त में गाड़ियों की रही बंपर बिक्री

शेयरों में यह गिरावट ऐसे समय पर आई है जब देश की प्रमुख ऑटो कंपनियों ने अगस्त महीने के बेहद शानदार बिक्री आंकड़े पेश किए हैं। पिछले साल अगस्त के मुकाबले इस साल गाड़ियों की मांग में काफी अच्छी बढ़त देखी गई है। ब्रोकरेज फर्म जेफरीज के मुताबिक, अगस्त में टू-व्हीलर, पैसेंजर व्हीकल और ट्रकों के रजिस्ट्रेशन में सालाना आधार पर 24 से 29% की बढ़त दर्ज की गई है। पैसेंजर व्हीकल में टाटा मोटर्स ने सबसे शानदार 56% की ग्रोथ दिखाई है, जबकि अशोक लेलैंड, महिंद्रा, बजाज ऑटो, मारुति और टीवीएस ने 21 से 38% तक की बढ़त हासिल की है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

कमर्शियल व्हीकल्स का प्रदर्शन रहा बेहतर

ब्रोकरेज फर्म नोमुरा का कहना है कि मीडियम और हैवी कमर्शियल व्हीकल सेगमेंट में गाड़ियों की डिमांड काफी मजबूत रही है। टाटा मोटर्स कमर्शियल व्हीकल और बजाज ऑटो की बिक्री अनुमान से कहीं ज्यादा बेहतर रही है। टाटा मोटर्स कमर्शियल की बिक्री 49% बढ़कर 44411 यूनिट्स रही, जबकि अशोक लेलैंड की बिक्री 38% चढ़कर 21038 यूनिट्स पर पहुंच गई। वहीं मारुति सुजुकी और हुंडई के आंकड़ों में थोड़ी कमी सप्लाई चेन की समस्याओं के कारण आई है, न कि डिमांड कम होने की वजह से। हालांकि इन अच्छे आंकड़ों के बावजूद कच्चे तेल के झटके से ऑटो शेयर उबर नहीं पाए।

लेखकों के बारे में

विकास तिवारी
Vikash Tiwary is a finance journalist with 6+ years of newsroom experience. He is currently growing Upstox Hindi, crafting data-driven stories on stocks, personal finance, mutual funds, and global markets, while exploring how AI can simplify finance. His work spans Zee Business, TV9 Bharatvarsh, ABP News, India TV, and Inshorts. He also holds NISM certification.

अगला लेख