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  1. Molbio Diagnostics IPO का प्राइस बैंड तय, 10 अगस्त से खुलेगा इश्यू, समझिए क्या करती है कंपनी

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Molbio Diagnostics IPO का प्राइस बैंड तय, 10 अगस्त से खुलेगा इश्यू, समझिए क्या करती है कंपनी

Shubham Singh Thakur

4 min read | अपडेटेड August 05, 2026, 14:21 IST

सारांश

Molbio Diagnostics के आईपीओ में ₹200 करोड़ के नए शेयर और 739.70 करोड़ रुपये का ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल है। कंपनी का इरादा पब्लिक इश्यू के जरिए 939.70 करोड़ रुपये जुटाने का है। OFS के तहत मौजूदा शेयरधारक अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा बेचेंगे।

Molbio Diagnostics IPO

Molbio Diagnostics ने IPO का प्राइस बैंड ₹768 से ₹807 प्रति शेयर तय किया है।

डायग्नोस्टिक उपकरण और टेस्टिंग सॉल्यूशन बनाने वाली कंपनी Molbio Diagnostics का IPO 10 अगस्त से निवेशकों के लिए खुल जाएगा। निवेशक इस इश्यू में 12 अगस्त तक बोली लगा सकेंगे। वहीं, एंकर निवेशकों (Anchor Investors) के लिए यह आईपीओ 7 अगस्त को खुलने वाला है। कंपनी ने आईपीओ का प्राइस बैंड ₹768 से ₹807 प्रति शेयर तय किया है। कंपनी का इरादा पब्लिक इश्यू के जरिए 939.70 करोड़ रुपये जुटाने का है। यहां हमने इस आईपीओ से जुड़ी पूरी जानकारी दी है।

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क्या है लॉट साइज?

Molbio Diagnostics के आईपीओ में निवेशकों को कम से कम 18 शेयरों के एक लॉट के लिए आवेदन करना होगा। इसके बाद भी निवेश 18-18 शेयरों के मल्टीपल में ही किया जा सकेगा। रिटेल निवेशकों को इसमें कम से कम ₹14,526 रुपये का निवेश करना होगा।

आईपीओ में क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए अधिकतम 50% हिस्सा आरक्षित रखा गया है। वहीं नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) के लिए कम से कम 15% और रिटेल निवेशकों के लिए कम से कम 35% हिस्सा सुरक्षित रखा गया है।

17 अगस्त को हो सकती है लिस्टिंग

कंपनी के शेयरों का अलॉटमेंट 13 अगस्त को अंतिम रूप दिए जाने की संभावना है। जिन निवेशकों को शेयर नहीं मिलेंगे, उन्हें 14 अगस्त को रिफंड मिल जाएगा। इसी दिन सफल निवेशकों के डीमैट खाते में शेयर भी जमा कर दिए जाएंगे। Molbio Diagnostics के शेयरों की BSE और NSE पर 17 अगस्त को लिस्टिंग होने की संभावना है।

IPO में क्या शामिल है?

Molbio Diagnostics के आईपीओ में ₹200 करोड़ के नए शेयर और 739.70 करोड़ रुपये का ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल है। OFS के तहत मौजूदा शेयरधारक अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा बेचेंगे। इनमें Exxora Trading, Dr Chandrasekhar Bhaskaran Nair, India Business Excellence Fund और अन्य शेयरधारक शामिल हैं।

कंपनी ने पहले ड्राफ्ट दस्तावेज में 1.25 करोड़ शेयर OFS के जरिए बेचने की योजना बनाई थी, लेकिन अब इसे घटाकर 91.66 लाख शेयर कर दिया गया है। कंपनी को इस आईपीओ के लिए SEBI से दिसंबर 2025 में मंजूरी मिली थी।

कंपनी में किसकी कितनी हिस्सेदारी है?

फिलहाल कंपनी के प्रमोटर्स के पास 46.65% हिस्सेदारी है। वहीं Temasek Holdings की सहयोगी कंपनी V Sciences Investments, India Business Excellence Fund और अन्य निवेशकों के पास कुल 53.35% हिस्सेदारी है।

IPO से जुटाई गई रकम का कहां होगा इस्तेमाल?

गोवा स्थित कंपनी फ्रेश इश्यू से मिलने वाली राशि का बड़ा हिस्सा कारोबार के विस्तार में लगाएगी। कंपनी ₹105.5 करोड़ अपनी पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी Bigtec के जरिए Research & Development (R&D) Facility, Centre of Excellence और नए ऑफिस इंफ्रास्ट्रक्चर के निर्माण पर खर्च करेगी।

इसके अलावा ₹72.2 करोड़ से कंपनी अपने Goa Unit I, Goa Unit II और Visakhapatnam Unit के लिए नए प्लांट, मशीनरी और उपकरण खरीदेगी। बची हुई राशि का उपयोग सामान्य कॉरपोरेट जरूरतों के लिए किया जाएगा।

कौन संभाल रहा है IPO?

इस आईपीओ के बुक रनिंग लीड मैनेजर Kotak Mahindra Capital Company, IIFL Capital Services और Jefferies India हैं। कंपनी को उम्मीद है कि इस इश्यू के जरिए जुटाई गई पूंजी से उसकी रिसर्च क्षमता बढ़ेगी, उत्पादन का विस्तार होगा और भविष्य की ग्रोथ को गति मिलेगी।

क्या करती है Molbio Diagnostics?

Molbio Diagnostics की स्थापना अक्टूबर 2000 में हुई थी। यह एक ग्लोबल Point-of-Care (POC) Molecular Diagnostics कंपनी है, जो संक्रामक और गैर-संक्रामक बीमारियों की तेजी से जांच करने वाले डायग्नोस्टिक समाधान विकसित, तैयार और बाजार में उपलब्ध कराती है।

कंपनी ने अपनी खुद की 'Truenat' तकनीक विकसित की है। यह एक पोर्टेबल, बैटरी से चलने वाला PCR आधारित डायग्नोस्टिक सिस्टम है, जिसे खासतौर पर उन इलाकों के लिए तैयार किया गया है जहां स्वास्थ्य सुविधाएं सीमित हैं। यह मशीन कम समय में और सटीक जांच करने में सक्षम है।

Truenat प्लेटफॉर्म की मदद से मरीजों की जांच रिपोर्ट करीब एक घंटे के भीतर मिल जाती है। इसकी तेज और सटीक जांच क्षमता के कारण इस तकनीक का उपयोग कई तरह की बीमारियों की पहचान में किया जाता है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां बड़े लैब की सुविधा उपलब्ध नहीं होती।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

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