return to news
  1. ITC Hotels Q4 Results: आईटीसी होटल्स का सालाना नेट प्रॉफिट ₹821 करोड़ के पार, कंपनी ने किया डिविडेंड का ऐलान

मार्केट न्यूज़

ITC Hotels Q4 Results: आईटीसी होटल्स का सालाना नेट प्रॉफिट ₹821 करोड़ के पार, कंपनी ने किया डिविडेंड का ऐलान

विकास तिवारी

3 min read | अपडेटेड May 15, 2026, 16:02 IST

सारांश

आईटीसी होटल्स लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2025-26 के शानदार नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट बढ़कर 821.26 करोड़ रुपये हो गया है। इसके साथ ही बोर्ड ने 1 रुपये प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश की है। कंपनी के रेवेन्यू में भी अच्छी बढ़त देखी गई है।

शेयर सूची

itc-hotels-q4-and-fy26-consolidated-financial-results

होटल सेक्टर की दिग्गज कंपनी आईटीसी होटल्स ने पेश किए शानदार नतीजे। | Image: Shutterstock

होटल सेक्टर की दिग्गज कंपनी आईटीसी होटल्स लिमिटेड ने 15 मई को हुई बोर्ड मीटिंग में अपने सालाना वित्तीय नतीजों का ऐलान कर दिया है। कंपनी के लिए यह साल काफी सफल रहा है, जिसमें मुनाफा और रेवेन्यू दोनों में ही अच्छी बढ़त दर्ज की गई है। बोर्ड ने न केवल कंपनी के प्रदर्शन की समीक्षा की, बल्कि अपने शेयरधारकों को मुनाफे में हिस्सा देने के लिए डिविडेंड की भी घोषणा की है।

Open FREE Demat Account within minutes!
Join now

शानदार रहे कंपनी के तिमाही नतीजे

31 मार्च को समाप्त हुए पूरे वित्त वर्ष के दौरान आईटीसी होटल्स का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 821.26 करोड़ रुपये रहा है। अगर इसकी तुलना पिछले वित्त वर्ष यानी 2024-25 से की जाए, तो तब कंपनी ने 637.64 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट कमाया था। इसका मतलब है कि कंपनी के मुनाफे में साल-दर-साल आधार पर काफी अच्छी रिकवरी और ग्रोथ देखी गई है। इसी तरह ऑपरेशन से रेवेन्यू की बात करें, तो यह पिछले साल के 3559.81 करोड़ रुपये से बढ़कर अब 4139.40 करोड़ रुपये हो गया है। कंपनी की कुल इनकम भी इस साल बढ़कर 4331.34 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है।

शेयरधारकों के लिए डिविडेंड की सौगात

कंपनी के बेहतर प्रदर्शन को देखते हुए बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 1 रुपये प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। यह डिविडेंड 1 रुपये की फेस वैल्यू वाले शेयरों पर दिया जाएगा। इस डिविडेंड के भुगतान के कारण कंपनी पर कुल 208.30 करोड़ रुपये का बोझ पड़ेगा। कंपनी ने डिविडेंड की पात्रता तय करने के लिए 21 मई, 2026 की रिकॉर्ड डेट तय की है। अगर एनुअल जनरल मीटिंग में शेयरधारक इसे मंजूरी दे देते हैं, तो इसका भुगतान 10 अगस्त से 14 अगस्त, 2026 के बीच कर दिया जाएगा।

हालांकि कंपनी के नतीजे अच्छे रहे हैं, लेकिन कुछ असाधारण कारणों से कंपनी के खर्चों पर असर पड़ा है। श्रीलंका में आए 'दितवाह' चक्रवात के कारण कंपनी की इन्वेंट्री और कैपिटल वर्क-इन-प्रोग्रेस को नुकसान पहुंचा है, जिससे उसे 25.98 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ है। इसके अलावा, भारत सरकार द्वारा लाए गए नए लेबर कोड के नियमों के कारण ग्रेच्युटी और अन्य खर्चों के मद में 54.19 करोड़ रुपये का वन-टाइम प्रभाव पड़ा है। इन दोनों कारणों को मिलाकर कंपनी को कुल 80.17 करोड़ रुपये का एक्सेप्शनल लॉस झेलना पड़ा है, जो उसके कुल मुनाफे में से घटाया गया है।

बोर्ड ने कंपनी के कामकाज को बेहतर बनाने के लिए मैनेजमेंट लेवल पर भी कुछ फैसले लिए हैं। बोर्ड ने श्री रामकृष्णन चंदर को नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के तौर पर नियुक्त करने की सिफारिश की है। वह भारतीय जीवन बीमा निगम यानी एलआईसी का प्रतिनिधित्व करेंगे। उनका कार्यकाल एजीएम की तारीख से तीन साल के लिए होगा। कंपनी ने अपनी तीसरी एनुअल जनरल मीटिंग यानी एजीएम 6 अगस्त, 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बुलाने का फैसला किया है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

लेखकों के बारे में

विकास तिवारी
Vikash Tiwary is a finance journalist with 6+ years of newsroom experience. He is currently growing Upstox Hindi, crafting data-driven stories on stocks, personal finance, mutual funds, and global markets, while exploring how AI can simplify finance. His work spans Zee Business, TV9 Bharatvarsh, ABP News, India TV, and Inshorts. He also holds NISM certification.

अगला लेख