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  1. हूती विद्रोहियों ने लाल सागर में दो सऊदी अरेबियन टैंकर को बनाया निशाना, $100 के करीब पहुंचा कच्चा तेल

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हूती विद्रोहियों ने लाल सागर में दो सऊदी अरेबियन टैंकर को बनाया निशाना, $100 के करीब पहुंचा कच्चा तेल

Namita Shukla

3 min read | अपडेटेड July 23, 2026, 08:30 IST

सारांश

एक तरफ होर्मुज स्ट्रेट पर टेंशन बनी हुई है, वहीं दूसरी तरफ हूतियों ने लाल सागर में दो सऊदी अरेबियन टैंकर को निशाना बनाया, जिसके बाद कच्चे तेल की कीमतों में जबर्दस्त उछाल देखने को मिला। दुनिया भर पर एनर्जी संकट और गहराता हुआ नजर आ रहा है।

कच्चा तेल

आज क्यों बढ़ गए कच्चे तेल के भाव? (Photo: Shutterstock)

ब्रेंट क्रूड आज करीब 2% यानी कि 1.87 डॉलर प्रति बैलर चढ़कर 95.94 डॉलर प्रति डॉलर तक पहुंच गया। कच्चे तेल के बढ़ते दाम दुनिया भर में एनर्जी संकट गहराने की आशंका को और बढ़ा देते हैं। ईरान और अमेरिका के बीच दोबारा शुरू हुई जंग 12 दिनों से जारी है और इस बीच लाल सागर में हूती के विद्रोहियों ने दो सऊदी अरेबियन टैंकर को निशाना बनाया, जिसका असर ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों पर देखने को मिल रहा है। वेस्ट एशिया में तनाव बढ़ने और एनर्जी सप्लाई में और ज्यादा रुकावट के डर से तेल की कीमतें और बढ़ गईं हैं।

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ईरान के समर्थन वाले हूती विद्रोहियों ने कहा कि उन्होंने रेड सी में सऊदी अरब के कुछ टैंकरों पर हमला किया। पिछले सेशन में छह हफ्ते के सबसे ऊंचे स्तर पर बंद होने के बाद, ब्रेंट क्रूड की कीमत 1.4% बढ़कर 95 डॉलर प्रति बैरल के पार चली गई। वहीं, वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट की कीमत 88 डॉलर प्रति बैरल के करीब थी। हूती विद्रोहियों ने कहा कि उन्होंने नाकेबंदी तोड़ने के कारण दो जहाजों - एन्सेलिया और लैला - पर ड्रोन और मिसाइलें दागीं। हूती विद्रोहियों के बयान से ठीक पहले, UK मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशन्स ने बताया कि सऊदी अरब के रेड सी तट पर अल-शुकैक के दक्षिण-पश्चिम में एक जहाज से कोई चीज (प्रोजेक्टाइल) टकराई, जिससे जहाज में आग लग गई। उन्होंने जहाज की पहचान नहीं बताई। ये हमले लाल सागर में तेल टैंकरों पर किए गए पहले हमले हैं।

वहीं अमेरिका ने सऊदी अरब के खिलाफ नौसैनिक नाकेबंदी की घोषणा के बाद लाल सागर में कमर्शियल शिपिंग को खतरे में डालने के लिए यमन के हूती विद्रोहियों की निंदा की है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने सऊदी अरब के खिलाफ हूती विद्रोही ग्रुप की नौसैनिक नाकेबंदी के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया, लेकिन उम्मीद जताई कि स्थिति को शांत किया जा सकता है। फिलीपींस में एक क्षेत्रीय शिखर सम्मेलन के दौरान, रूबियो ने कहा कि लाल सागर से शिपिंग को रोकने वाली कोई भी चीज उन्हीं कारणों से समस्याग्रस्त होगी, जिन कारणों से होर्मुज स्ट्रेट में दिक्कतें हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहा है। हूतियों ने सऊदी अरब के खिलाफ एक नया मोर्चा खोलते हुए राज्य की नौसैनिक नाकेबंदी की घोषणा की, जिससे ग्लोबल ऑयल सप्लाई और बिजनेस फ्लो खतरे में पड़ गया।

हूती अधिकारियों ने कहा कि ग्रुप ने सोमवार को अंतरराष्ट्रीय शिपिंग कंपनियों को बाब अल-मंडेब स्ट्रेट (Bab el-Mandeb Strait) से गुजरने से बचने की चेतावनी दी, जो होर्मुज स्ट्रेट के विपरीत अरब प्रायद्वीप की ओर लाल सागर का प्रवेश द्वार है। होर्मुज स्ट्रेट, जिससे सामान्य समय में दुनिया का पांचवां हिस्सा तेल गुजरता है, 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के हमलों के साथ ईरान में युद्ध शुरू होने के बाद से पूरी तरह या आंशिक रूप से बंद कर दिया गया है।

लेखकों के बारे में

Namita Shukla
Namita Shukla is a seasoned journalist with over 15 years of experience in Hindi media. She has worked with some of the most reputed news organizations, including Navbharat Times, Dainik Jagran, Aaj Tak, and Hindustan Times Hindi. Throughout her career, Namita has reported on a wide range of beats such as national affairs, sports, business, and entertainment, bringing clarity and depth to her reporting. In addition to her journalistic work, she is a certified fact-checker by both Google and Meta, underscoring her commitment to accuracy and ethical journalism in the digital age.

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