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  1. नुवामा म्यूचुअल फंड ला रहा SIP से एक लेवल आगे का फंड, जानिए इस SIF की खासियत?

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नुवामा म्यूचुअल फंड ला रहा SIP से एक लेवल आगे का फंड, जानिए इस SIF की खासियत?

Upstox

3 min read | अपडेटेड November 03, 2026, 16:57 IST

सारांश

नुवामा म्यूचुअल फंड ने सेबी के पास अपने नए ओपन-एंडेड फंड 'नुमा एसआईएफ इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड' के लिए ऑफर डॉक्यूमेंट दाखिल किया है। इस NFO में यूनिट की कीमत 10 रुपये होगी और कम से कम 10 लाख रुपये का निवेश करना होगा।

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नुवामा म्यूचुअल फंड ने नए लॉन्ग-शॉर्ट इक्विटी फंड के लिए सेबी में ऑफर डॉक्यूमेंट दाखिल किया।

म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री में निवेश के नए मौके तलाश रहे निवेशकों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। नुवामा म्यूचुअल फंड ने बाजार नियामक सेबी यानी सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया के पास एक नए फंड के लिए ऑफर डॉक्यूमेंट दाखिल किया है। इस स्कीम का नाम 'नुमा SIF इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड' रखा गया है। यह एक ओपन-एंडेड इक्विटी इन्वेस्टमेंट रणनीति वाली स्कीम होगी। कंपनी इस न्यू फंड ऑफर यानी NFO के जरिए निवेशकों से फंड जुटाने की तैयारी कर रही है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य इक्विटी और डेरिवेटिव्स के जरिए निवेशकों को लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न और कैपिटल ग्रोथ दिलाना है।

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NFO की कीमत और निवेश का न्यूनतम दायरा

सेबी के पास जमा कराए गए दस्तावेजों के अनुसार, NFO अवधि के दौरान इस स्कीम की यूनिट्स 10 रुपये के बेस प्राइस पर उपलब्ध होंगी। इसमें निवेश करने के लिए मिनिमम एप्लीकेशन अमाउंट 10 लाख रुपये यानी 10,00,000 रुपये तय किया गया है। इसके बाद निवेशक 1 रुपये के मल्टीपल में अतिरिक्त रकम लगा सकते हैं। यह फंड मुख्य रूप से उन निवेशकों के लिए तैयार किया गया है जो बड़ा कॉर्पस निवेश करने की क्षमता रखते हैं। इस स्कीम के तहत कंपनी ने न्यूनतम 10 करोड़ रुपये का टारगेट जुटाने का लक्ष्य रखा है। इसमें निवेशकों को ग्रोथ और IDCW यानी इनकम डिस्ट्रीब्यूशन कम कैपिटल विड्रॉल दोनों तरह के ऑप्शंस मिलेंगे।

एंट्री और एग्जिट लोड से जुड़े नियम

नुवामा म्यूचुअल फंड की इस स्कीम में एंट्री लोड पूरी तरह से शून्य यानी निल रखा गया है, जिसका मतलब है कि निवेश करते समय कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं कटेगा। वहीं अगर एग्जिट लोड की बात करें तो इसमें समय सीमा के हिसाब से नियम तय किए गए हैं। अगर कोई निवेशक यूनिट्स अलॉट होने की तारीख से 3 महीने के भीतर अपने पैसे निकालता है या स्विच-आउट करता है, तो उस पर 0.50% का एग्जिट लोड लागू होगा। लेकिन यदि निवेशक 3 महीने की अवधि पूरी होने के बाद अपने पैसे निकालता है, तो उससे किसी भी प्रकार का एग्जिट लोड नहीं लिया जाएगा और यह पूरी तरह से फ्री होगा।

इस नई स्कीम का मुख्य निवेश उद्देश्य इक्विटी और इक्विटी से जुड़े उपकरणों के एक डाइवर्सिफाइड पोर्टफोलियो में पैसे लगाकर लंबी अवधि में पूंजी की बढ़त हासिल करना है। इसके साथ ही फंड मैनेजर पोर्टफोलियो को बैलेंस करने और जोखिम घटाने के लिए डेरिवेटिव्स के जरिए सीमित शॉर्ट एक्सपोजर भी ले सकेंगे। यानी तेजी और मंदी दोनों ही तरह के बाजार में अवसरों का लाभ उठाने की रणनीति बनाई जाएगी। स्कीम के प्रदर्शन की तुलना यानी बेंचमार्किंग निफ्टी 500 टोटल रिटर्न इंडेक्स यानी निफ्टी 500 टीआरआई के साथ की जाएगी।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

लेखकों के बारे में

Upstox
Upstox Hindi News Desk पत्रकारों की एक टीम है जो शेयर बाजारों, अर्थव्यवस्था, वस्तुओं, नवीनतम व्यावसायिक रुझानों और व्यक्तिगत वित्त को उत्साहपूर्वक कवर करती है।

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