पर्सनल फाइनेंस
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3 min read | अपडेटेड June 09, 2025, 17:00 IST
सारांश
Repo Rate Cut Impact: रेपो रेट या रीपर्चेज अग्रीमेंट वह ब्याज दर है जिस पर कमर्शल बैंकों को फंड्स की कमी पड़ने पर सेंट्रल बैंक (भारत में रिजर्व बैंक) ओवरनाइट कर्ज देता है। इसके लिए वह बैंक से कुछ सिक्यॉरिटीज भी लेता है। रिजर्व बैंक जिस दर पर बैंकों को लोन देता है, उसका असर बैंकों द्वारा ग्राहकों को दिए जाने वाले कर्ज की ब्याज दर पर पड़ता है।

RBI के रेपो रेट कट के बाद कुछ बैंकों ने भी अपनी ब्याज दरें घटा दी हैं।
भारतीय रिजर्व बैंक (Reserve Bank of India, RBI) ने इस साल रेपो रेट में 1% कटौती कर दी है। जून में हुई मॉनिटरी पॉलिसी कमिटी (Monetary Policy Committee, MPC) की बैठक के बाद रेपो रेट में 0.50% कटौती की गई जबकि फरवरी और अप्रैल में 0.25%-0.25% कटौती की गई थी। रिजर्व बैंक के हालिया फैसले के बाद करीब 6 बैंकों ने अपने बेंचमार्क लेंडिंग रेट भी कम कर दिए हैं।
जिस तरह रिजर्व बैंक ने रेपो रेट को 0.50% घटाया है, इन बैंकों में से ज्यादातर ने अपने रेपो रेट से लिंक इंटरेस्ट रेट को 50 bps कम किया है। कुछ ने अपने MCLR (मार्जिनल कॉस्ट ऑफ फंड्स रिलेटेड लेंडिंग रेट) को 10-20% कम कर दिया है।
रेपो रेट या रीपर्चेज अग्रीमेंट वह ब्याज दर है जिस पर कमर्शल बैंकों को फंड्स की कमी पड़ने पर सेंट्रल बैंक (भारत में रिजर्व बैंक) ओवरनाइट कर्ज देता है। इसके लिए वह बैंक से कुछ सिक्यॉरिटीज भी लेता है। रिजर्व बैंक जिस दर पर बैंकों को लोन देता है, उसका असर बैंकों द्वारा ग्राहकों को दिए जाने वाले कर्ज की ब्याज दर पर पड़ता है।
बैंक ऑफ बड़ौदा (Bank of Baroda, BoB) ने रेपो रेट से लिंक अपने बेंचमार्क लेंडिंग रेट को 50 bps कम कर दिया है। BoB ने एक बयान जारी कर कहा कि 7 जून से उसका रेपो लिंक्ड लेंडिंग रेट (Repo Linked Lending Rate, RLLR) 7 जून से 8.15% हो गया है।
HDFC Bank ने मार्जिनल कॉस्ट ऑफ फंड्स पर आधारित लेंडिंग रेट (Marginal Cost of Funds-based Lending Rates, MCLR) 10 bps कम कर दिया है। यह भी 7 जून से लागू हुआ है। HDFC Bank ने सिर्फ MCLR से लिंक रेट में कटौती का ही ऐलान किया है। माना जा रहा है कि अगले महीने रेपो रेटसे जुड़े लोन में HDFC Bank 50 bps कटौती करेगा।
इस रेट कट के साथ HDFC Bank के ओवरनाइट और मासिक इंटरेस्ट अब 8.9% हैं जबकि तीन महीने के लिए 8.95% और 6 महीने और एक साल के लिए 9.05% हो गया है। वहीं, दो और तीन साल के टेन्योर पर 9.1% इंटरेस्ट लग रहा है।
Punjab National Bank ने भी RRLR 50 bps कम कर दिया है जो 9 जून से लागू है। बैंक का होम लोन अब 7.45% से शुरू हो रहा जबकि गाड़ी पर लोन 7.8% पर।
UCO Bank ने अपना MCLR सभी टेन्योर के लिए कम कर दिया है। ये कटौती 10 जून से लागू है। एक महीने का MCLR 8.35% पर और ओवरनाइट 8.15% पर कर दिया गया है।
वहीं, तीन महीने का MCLR 8.5% और 6 महीने का 8.8% कर दिया गया है। एक साल का MCLR 9% कर दिया गया है। बैंक ने RRLR भी 50 bps कम कर दिया है जो 9 जून से 8.3% हो गया है।
Bank of India ने अपना RRLR 50 बेसिस पॉइंट्स से कम कर दिया है। बैंक अब RRLR लोन 8.35% से शुरू कर रही है। ये ब्याज दर 6 जून से लागू हो गई है।
Karur Vysya Bank ने अपना MCLR से लिंक 6 महीने का लोन रेट 10 bps कम कर 9.8% कर दिया है जबकि एक साल का लोन 20 bps कम करके 9.8% कर दिया है। ये 7 जून से लागू है।
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