मार्केट न्यूज़
.png)
4 min read | अपडेटेड January 20, 2026, 16:12 IST
सारांश
आज वारी एनर्जीज को 2,210 मेगावाट के सोलर मॉड्यूल सप्लाई के ऑर्डर मिले हैं। साथ ही, वारी रिन्यूएबल ने तीसरी तिमाही में 120 करोड़ रुपये का शानदार मुनाफा दर्ज किया है। एनटीपीसी ग्रीन और सुजलॉन जैसे बड़े शेयरों में भी बिकवाली का दबाव है, जबकि केपीआई ग्रीन और प्रीमियर एनर्जीज जैसे शेयर हरे निशान में कारोबार कर रहे हैं।
शेयर सूची

रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर की कंपनियों पर निवेशकों की नजर है।
भारतीय शेयर बाजार में 20 जनवरी को एक बार फिर सुस्ती का माहौल देखा गया है। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही 1 फीसदी से ज्यादा की गिरावट के साथ कारोबार बंद किए हैं। बाजार में किसी सकारात्मक संकेत की कमी के बीच रिन्यूएबल एनर्जी यानी सौर और पवन ऊर्जा से जुड़ी कंपनियों के शेयरों में काफी हलचल है। इस सेक्टर की दिग्गज कंपनी वारी एनर्जीज को कल यानी सोमवार को बड़े वर्क ऑर्डर मिले हैं, जिसका असर आज बाजार पर दिखना चाहिए था। इसी ग्रुप की दूसरी कंपनी वारी रिन्यूएबल टेक्नोलॉजीज ने अपने मुनाफे में भारी बढ़ोतरी दर्ज की है।
वारी एनर्जीज के लिए व्यापारिक मोर्चे पर बड़ी खबर आई है। कंपनी को कुल 2,210 मेगावाट के सोलर मॉड्यूल की आपूर्ति के लिए दो बड़े ऑर्डर मिले हैं। पहला ऑर्डर भारत में ही रिन्यूएबल पावर प्रोजेक्ट्स चलाने वाली एक बड़ी कंपनी से मिला है, जिसके तहत 210 मेगावाट के डीसीआर सोलर मॉड्यूल की सप्लाई की जानी है। दूसरा और इससे कहीं बड़ा ऑर्डर कंपनी की अमेरिकी सहायक इकाई 'वारी सोलर अमेरिका' को मिला है। अमेरिका में बड़े पैमाने पर सोलर प्रोजेक्ट्स चलाने वाली एक कंपनी ने 2,000 मेगावाट के सोलर मॉड्यूल के लिए वारी एनर्जीज को चुना है। इन बड़े ऑर्डर्स के बावजूद, आज एनएसई पर वारी एनर्जीज का शेयर में गिरावट देखी गई।
वारी रिन्यूएबल टेक्नोलॉजीज ने अपने तीसरी तिमाही (Q3 FY26) के नतीजों से बाजार को चौंका दिया है। कंपनी का शुद्ध लाभ पिछले साल के मुकाबले दोगुने से भी ज्यादा बढ़कर 120.19 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को 53.48 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ था। मुनाफे में आई इस 124.74 प्रतिशत की जबरदस्त बढ़ोतरी की मुख्य वजह कंपनी की आय में हुआ इजाफा है, जो 136 प्रतिशत बढ़कर 851.06 करोड़ रुपये हो गई है। कंपनी के पास फिलहाल 2.92 गीगावाट का बड़ा ऑर्डर बुक मौजूद है जिसे अगले 12 से 15 महीनों में पूरा किया जाना है। हालांकि, इतने शानदार नतीजों के बाद भी मुनाफावसूली की वजह से इसका शेयर गिरावट के साथ कारोबार करता दिखा।
सरकारी कंपनी एनटीपीसी ग्रीन एनर्जी के शेयरों में भी आज करीब 1 प्रतिशत की गिरावट देखी गई। हाल ही में कंपनी ने गेल इंडिया के साथ 50:50 की भागीदारी में एक नई कंपनी (JVC) बनाने के समझौते को मंजूरी दी है। यह नई कंपनी रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स पर काम करेगी। दूसरी ओर, विंड सेक्टर की बड़ी कंपनी सुजलॉन एनर्जी के शेयर भी करीब 1.63 प्रतिशत गिरकर 47.2 रुपये पर आ गए हैं। कंपनी के वाइस चेयरमैन गिरीश तांती ने हाल ही में विश्व आर्थिक मंच में भरोसा जताया है कि भारत 2070 तक कार्बन न्यूट्रल बनने की राह पर है और देश की 50 प्रतिशत ऊर्जा जरूरतें अब रिन्यूएबल सेक्टर से पूरी हो रही हैं।
बाजार की गिरावट के बीच कुछ शेयर मजबूती भी दिखा रहे हैं। केपीआई ग्रीन एनर्जी का शेयर हल्की बढ़त के साथ 445.70 रुपये पर कारोबार करते हुए बंद हुआ। कंपनी ने गुजरात में अपने 92.15 मेगावाट के हाइब्रिड पावर प्रोजेक्ट से बिजली की आपूर्ति समय से पहले शुरू कर दी है। वहीं, प्रीमियर एनर्जीज के शेयरों में तेजी देखी गई, लेकिन कारोबार बंद करते करते इसमें भी बिकवाली आ गई। कंपनी ने घोषणा की है कि वह अपनी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता को दोगुना करने के लिए 11,000 करोड़ रुपये का भारी निवेश करेगी। वहीं, स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी के मुनाफे में 91 प्रतिशत की भारी गिरावट की खबर के बाद इसका शेयर 4 प्रतिशत से ज्यादा टूटकर 192.54 रुपये पर कारोबार बंद किया।
संबंधित समाचार
लेखकों के बारे में
.png)
अगला लेख
How To Use Open Interest For Intraday Trading: Complete Guide
What Is Stop Loss In Trading? Meaning, Types, & How To Use It
What Is ICRA? Why Its Credit Ratings Matter To Investors
Explore Learning Centre
All topics · stocks, MFs, derivatives, IPOs