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Sugar Stocks: Balrampur Chini समेत कई शेयर आज 5% तक लुढ़के, समझिए क्या है वजह

Shubham Singh Thakur

2 min read | अपडेटेड May 14, 2026, 12:59 IST

सारांश

Sugar Stocks: Balrampur Chini Mills का शेयर करीब 4 फीसदी घटकर 525 रुपये के भाव तक लुढ़क गया। इसके अलावा Bajaj Hindusthan Sugar का शेयर भी करीब 5 फीसदी गिरकर 17.86 रुपये के भाव पर आ गया।

Sugar stocks

Shree Renuka Sugars और EID Parry में भी करीब 1 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है।

Sugar Stocks: भारत सरकार के एक फैसले के बाद आज चीनी कंपनियों के शेयरों में बिकवाली का दबाव है। इन शेयरों में 4 फीसदी से ज्यादा की कमजोरी नजर आ रही है। दरअसल, सरकार ने चीनी के निर्यात पर बड़ा फैसला लिया है। 30 सितंबर 2026 तक शुगर एक्सपोर्ट पर तुरंत प्रभाव से रोक लगा दी गई है। इस खबर का ही असर आज शुगर स्टॉक्स पर दिख रहा है।
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आज इन शेयरों में गिरावट

Balrampur Chini Mills का शेयर करीब 4 फीसदी घटकर 525 रुपये के भाव तक लुढ़क गया। इसके अलावा Bajaj Hindusthan Sugar का शेयर भी करीब 5 फीसदी गिरकर 17.86 रुपये के भाव पर आ गया। इसके अलावा Shree Renuka Sugars और EID Parry में भी करीब 1 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है। इसके अलावा Dalmia Bharat Sugar में 4.50 फीसदी और Triveni Engineering & Industries में 1.60 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई।

सरकार ने क्यों लिया यह फैसला

सरकार के वाणिज्य मंत्रालय के तहत आने वाले डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड (DGFT) ने 13 मई को जारी नोटिफिकेशन में कहा कि यह रोक कच्ची चीनी, सफेद चीनी और रिफाइंड शुगर तीनों पर लागू होगी। साथ ही चीनी की एक्सपोर्ट पॉलिसी को "Restricted" से बदलकर "Prohibited" कर दिया गया है, यानी अब सामान्य परिस्थितियों में चीनी निर्यात नहीं की जा सकेगी।

हालांकि सरकार ने कुछ अपवाद भी रखे हैं। यूरोपियन यूनियन (EU) और United States को CXL और TRQ कोटा के तहत होने वाला निर्यात जारी रहेगा। इसके अलावा Advance Authorization Scheme (AAS) के तहत होने वाला एक्सपोर्ट भी पुराने नियमों के अनुसार जारी रहेगा।

अगर किसी देश को खाद्य सुरक्षा के लिए भारत से चीनी की जरूरत होगी, तो सरकार विशेष अनुमति देकर निर्यात की इजाजत दे सकती है। यानी पूरी तरह से दरवाजा बंद नहीं किया गया है, लेकिन नियंत्रण सरकार के हाथ में रहेगा। सरकार ने यह भी साफ किया है कि जिन शिपमेंट की लोडिंग 13 मई से पहले शुरू हो चुकी थी या जिनका कस्टम क्लियरेंस पहले हो चुका था, उन्हें एक्सपोर्ट की अनुमति दी जाएगी। इससे पहले से चल रहे सौदों पर ज्यादा असर नहीं पड़ेगा।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)

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