बिजनेस न्यूज़

3 min read | अपडेटेड December 15, 2025, 16:37 IST
सारांश
साल 2025 केंद्र सरकार की जन-कल्याणकारी योजनाओं के लिए याद रखा जाएगा। सरकार ने इस साल युवाओं को रोजगार के लिए तैयार करने, बुजुर्गों को स्वास्थ्य सुरक्षा देने और बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने पर जोर दिया।

साल 2025 में केंद्र सरकार ने हर वर्ग के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं शुरू कीं।
साल 2025 अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच चुका है। यह साल भारत के सामाजिक और आर्थिक विकास के लिहाज से बेहद अहम रहा। केंद्र सरकार ने इस साल 'सबका साथ, सबका विकास' के मंत्र को आगे बढ़ाते हुए कई ऐसी महत्वाकांक्षी योजनाएं धरातल पर उतारीं, जिन्होंने सीधे तौर पर आम आदमी की जिंदगी को छूने का काम किया। चाहे युवाओं को स्किल देने की बात हो या घर के बुजुर्गों के इलाज की चिंता, 2025 में सरकार का फोकस हर वर्ग को राहत देने पर रहा। इस साल लॉन्च हुई योजनाओं ने न केवल लोगों को आर्थिक सुरक्षा दी, बल्कि भविष्य के लिए एक मजबूत नींव भी रखी।
युवाओं के लिए पीएम इंटर्नशिप स्कीम साल 2025 की सबसे चर्चित और क्रांतिकारी योजनाओं में 'पीएम इंटर्नशिप स्कीम' का नाम सबसे ऊपर है। बजट में घोषित इस योजना को इसी साल लागू किया गया, जिसका मकसद देश के करोड़ों युवाओं को रोजगार के लिए तैयार करना है। इस योजना के तहत युवाओं को देश की टॉप 500 कंपनियों में 12 महीने तक इंटर्नशिप करने का मौका मिल रहा है। खास बात यह है कि इंटर्नशिप के दौरान युवाओं को 5,000 रुपये महीने का स्टाइपेंड भी दिया जाता है, जिसमें सरकार और कॉरपोरेट दोनों का योगदान होता है। यह योजना उन युवाओं के लिए वरदान साबित हुई है जो डिग्री लेने के बाद भी प्रैक्टिकल अनुभव की कमी के कारण नौकरी नहीं पा रहे थे।
बुजुर्गों को आयुष्मान भारत का तोहफा स्वास्थ्य के क्षेत्र में साल 2025 का सबसे बड़ा फैसला आयुष्मान भारत योजना का विस्तार रहा। सरकार ने इस साल 70 वर्ष और उससे अधिक उम्र के सभी बुजुर्गों को आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के दायरे में शामिल कर लिया। इस फैसले की सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसमें आय की कोई सीमा नहीं रखी गई है। यानी गरीब हो या अमीर, 70 साल से ऊपर का हर बुजुर्ग अब 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज पा सकता है। मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए यह एक बड़ी राहत बनकर आया, क्योंकि बुढ़ापे में बीमारियों पर होने वाला खर्च अक्सर परिवारों का बजट बिगाड़ देता था।
एनपीएस वात्सल्य और पीएम ई-ड्राइव बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए वित्त मंत्री ने इस साल 'एनपीएस वात्सल्य योजना' की शुरुआत की। यह योजना माता-पिता को अपने नाबालिग बच्चों के लिए पेंशन खाता खोलने की सुविधा देती है। इसमें जमा किया गया पैसा कंपाउंडिंग की ताकत के साथ बढ़ता है और बच्चे के वयस्क होने पर यह सामान्य एनपीएस खाते में बदल जाता है।
पर्यावरण को बचाने और इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने पुरानी फेम योजना की जगह 'पीएम ई-ड्राइव योजना' लागू की। इसके जरिए इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर, थ्री-व्हीलर और ई-बसों की खरीद पर सब्सिडी दी जा रही है, जिससे प्रदूषण कम करने में मदद मिल रही है।
आदिवासी गांवों का कायाकल्प साल 2025 में सरकार ने आदिवासी समाज के उत्थान के लिए 'प्रधानमंत्री जनजातीय उन्नत ग्राम अभियान' की भी शुरुआत की। इस योजना का लक्ष्य देश के 63,000 आदिवासी बाहुल्य गांवों का कायाकल्प करना है। इसके तहत इन गांवों में पक्के घर, सड़क, बिजली, पानी और इंटरनेट जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने का काम तेजी से शुरू हुआ।
इसके अलावा विज्ञान के क्षेत्र में 'बायो-राइड' योजना को मंजूरी दी गई, जो बायो-टेक्नोलॉजी और रिसर्च को बढ़ावा देने के लिए है।
संबंधित समाचार
लेखकों के बारे में

अगला लेख
How To Use Open Interest For Intraday Trading: Complete Guide
What Is Stop Loss In Trading? Meaning, Types, & How To Use It
What Is ICRA? Why Its Credit Ratings Matter To Investors
Explore Learning Centre
All topics · stocks, MFs, derivatives, IPOs