बिजनेस न्यूज़

3 min read | अपडेटेड June 22, 2026, 09:36 IST
सारांश
जी-7 समिति के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मीटिंग हुई थी, जिसके बाद लगता है कि दोनों देशों के बीच ट्रेड वार्ता ने काफी तेजी पकड़ ली है। अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जेमीसन ग्रीर और वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल इस सप्ताह भारत-अमेरिका बीटीए के पहले राउंड पर दो दिवसीय वार्ता करेंगे।

भारत-अमेरिका इस सप्ताह व्यापार समझौते को लेकर मंत्रिस्तरीय बातचीत करेंगे (Photo: Shutterstock)
India-US Trade Talks: भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौता (Bilateral Trade Agreement, BTA) लंबे समय से पेंडिंग चल रहा है, लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि जल्द ही इसको लेकर दोनों देशों के बीच सहमति बन सकती है। जी-7 समिति के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मीटिंग हुई थी, जिसके बाद लगता है कि दोनों देशों के बीच ट्रेड वार्ता ने काफी तेजी पकड़ ली है। अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जेमीसन ग्रीर और वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल इस सप्ताह भारत-अमेरिका बीटीए के पहले राउंड पर दो दिवसीय वार्ता करेंगे। इस बातचीत को मेन फोकस समझौते के प्रारंभिक ढांचे को अंतिम रूप देना होगा। गोयल ने इसको लेकर रविवार को कहा कि व्यापार समझौते को लेकर मेरे समकक्ष कल दिल्ली आ रहे हैं। वहीं अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने X पर लिखा, ‘नई दिल्ली में यूनाइटेड स्टेट्स ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव, राजदूत ग्रीर का स्वागत करने के लिए उत्साहित हूं। अमेरिका-भारत व्यापार समझौते को आगे बढ़ाने के लिए केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल के साथ कई बैठकें तय की गई हैं।’
यह बैठक इस महीने की शुरुआत (2 से 4 जून) में नई दिल्ली में हुई मुख्य वार्ताकार स्तर की चर्चाओं के बाद हो रही है। वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने हाल ही में कहा था कि दोनों मंत्रियों के बीच होने वाली बातचीत का उद्देश्य समझौते के ढांचे को अंतिम रूप देना होगा। गोयल ने 5 जून को कहा था कि भारत और अमेरिका सभी पेंडिंग मुद्दों को सुलझाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं और दोनों पक्ष अगले महीने के मध्य (मिड जुलाई) तक बीटीए के पहले राउंड को अंतिम रूप देने की उम्मीद रखते हैं। अमेरिका द्वारा 24 फरवरी, 2026 को सभी व्यापारिक साझेदारों पर लगाए गए 10% अस्थायी टैरिफ का पीरियड 24 जुलाई को खत्म हो जाएगा। इसके बाद अमेरिका द्वारा आयातित वस्तुओं पर सर्वाधिक तरजीही देश (Most-Favoured-Nation, MFN) टैरिफ लागू होगा। अस्थायी टैरिफ एमएफएन टैरिफ के अतिरिक्त लगाया गया है। इसलिए 24 जुलाई से पहले अमेरिका को नया टैरिफ स्ट्रक्चर लागू करना होगा।
अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (यूएसटीआर) कार्यालय ने मार्च में भारत समेत कई देशों के खिलाफ धारा 301 के तहत एकतरफा जांच दो मामलों में शुरू की थी। ये जांच ग्लोबल सप्लाई चेनों में कथित बंधुआ मजदूरी और ‘अत्यधिक उत्पादन क्षमता’ से जुड़े मुद्दों पर केंद्रित है। यूएसटीआर ने 2 जून को भारत समेत 54 देशों पर 12.5% टैरिफ लगाने का प्रस्ताव रखा था। यह टैरिफ बंधुआ मजदूरी से बने उत्पादों के आयात पर प्रभावी रोक लगाने में विफल रहने के आरोप में लगाने की बात कही गई थी। यह प्रस्ताव अभी अंतिम नहीं है। इस पर हितधारक 22 जून तक सुनवाई में भाग लेने के अनुरोध और बयान जमा कर सकते हैं। यूएसटीआर 7 जुलाई को सुनवाई करेगा। दूसरी जांच की रिपोर्ट अभी पेंडिंग है।
संबंधित समाचार
लेखकों के बारे में

अगला लेख
How To Use Open Interest For Intraday Trading: Complete Guide
What Is Stop Loss In Trading? Meaning, Types, & How To Use It
What Is ICRA? Why Its Credit Ratings Matter To Investors
Explore Learning Centre
All topics · stocks, MFs, derivatives, IPOs