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Stock Market: FII सेलिंग, US-Iran टेंशन, इन फैक्टर्स ने फिर तोड़ी बाजार की कमर

Shubham Singh Thakur

3 min read | अपडेटेड February 27, 2026, 12:19 IST

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सारांश

आज के कारोबार में BSE Sensex में करीब 575 अंकों की गिरावट देखी गई और यह 81,673.38 के स्तर तक लुढ़क गया। दूसरी तरफ Nifty 50 भी 202.35 अंक टूटकर 25,292.90 के स्तर पर आ गया है।

शेयर मार्केट

शेयर मार्केट में क्यों दिख रही गिरावट?

भारतीय शेयर बाजार में आज 27 फरवरी को बिकवाली का जबरदस्त दबाव है। आज के कारोबार में BSE Sensex में करीब 575 अंकों की गिरावट देखी गई और यह 81,673.38 के स्तर तक लुढ़क गया। दूसरी तरफ Nifty 50 भी 202.35 अंक टूटकर 25,292.90 के स्तर पर आ गया है। इस बिकवाली के लिए कई फैक्टर्स जिम्मेदार हैं, जिसमें एक अहम वजह विदेशी निवेशकों (FIIs) का भारतीय बाजार पर घटता भरोसा है। आइए जानते हैं आज बाजार में क्यों गिरावट हो रही है।

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कमजोर ग्लोबल संकेत

आज वैश्विक बाजारों से कमजोर संकेत मिले हैं। एशिया में दक्षिण कोरिया का Kospi, जापान का Nikkei 225 और चीन का SSE Composite गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे। अमेरिका में भी गुरुवार को ज्यादातर बाजार नीचे बंद हुए। चिप बनाने वाली कंपनी Nvidia के तिमाही नतीजों के बाद S&P 500 और यूरोपीय शेयर बाजार लाल निशान में बंद हुए।

उम्मीद से बेहतर नतीजों और पहली तिमाही के लिए 78 अरब डॉलर की मजबूत रेवेन्यू गाइडेंस के बावजूद Nvidia के शेयर 5.5 फीसदी गिर गए, जिससे सेमीकंडक्टर शेयरों और पूरे बाजार की धारणा पर दबाव पड़ा। टेक शेयरों से भरे एशियाई इंडेक्स में भी गिरावट देखी गई।

FIIs की बिकवाली

फॉरेन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (FIIs) की बिकवाली भी बाजार में गिरावट के पीछे बड़ी वजह है। गुरुवार को FIIs ने 3,465.99 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली से बाजार से पैसा बाहर जाता है, जिससे घरेलू शेयर बाजार पर दबाव बनता है और निवेशकों का भरोसा कमजोर होता है।

एक्सपर्ट्स का कहना है कि बाजार में सतर्कता का माहौल है और बिकवाली का दबाव बना हुआ है। लंबे समय से बाजार एक ही दायरे में घूम रहा है, जिससे साफ है कि किसी भी दिशा में मजबूत तेजी या गिरावट की ताकत फिलहाल नहीं है।

जियो पॉलिटिकल टेंशन

जियो-पॉलिटिकल टेंशन ने भी बाजार पर असर डाला है। अमेरिका और ईरान के बीच तेहरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर हुई बातचीत गुरुवार को बिना किसी समझौते के खत्म हो गई, जिससे मध्य-पूर्व में तनाव बढ़ने की आशंका पैदा हो गई है।

PTI की रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिका-ईरान बातचीत से कोई समाधान न निकलने के कारण अनिश्चितता बढ़ गई है। जब तक इस मुद्दे पर अमेरिका की आगे की रणनीति साफ नहीं होती और घरेलू स्तर पर कोई नया सकारात्मक कारण नहीं आता, तब तक निवेशक सीमित और सतर्क तरीके से ही बाजार में भागीदारी करेंगे।

कमजोर रुपया

आज रुपया भी कमजोर हुआ है। शुक्रवार को रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 4 पैसे गिरकर 90.95 पर पहुंच गया। FIIs की बिकवाली और घरेलू शेयर बाजार की कमजोरी इसकी मुख्य वजह रही। हालांकि, डॉलर में नरमी और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के कारण रुपये की कमजोरी कुछ हद तक थमी रही। रुपया कमजोर होने के चलते भी मार्केट का सेंटीमेंट खराब हुआ है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)
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लेखकों के बारे में

Shubham Singh Thakur
Shubham Singh Thakur is a business journalist with a focus on stock market and personal finance. An alumnus of the Indian Institute of Mass Communication (IIMC), he is passionate about making financial topics accessible and relevant for everyday readers.

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