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4 min read | अपडेटेड March 11, 2026, 09:37 IST
सारांश
Reliance Industries Ltd. Shares: आज रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में तेजी देखने को मिल रही है। रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर आज ग्रीन में ट्रेड हो रहे हैं। रिलायंस के शेयरों में तेजी का कारण दो खबरों को माना जा रहा है।

RIL Shares: शेयरों में दिख रही तेजी के पीछे दो कारण, यहां समझें किन खबरों का दिख रहा असर?
Reliance Industries Ltd. Shares: आज रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के शेयरों में तेजी देखने को मिल रही है। रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के शेयर मार्केट खुलते ही ग्रीन में ट्रेड होते दिखे। 9:30 बजे के करीब शेयरों में 1% से ज्यादा यानी कि प्रति शेयर करीब 15 रुपये का उछाल देखने को मिला। जिसके बाद शेयर 1,422-1,423 रुपये के बीच ट्रेड हो रहे थे। दरअसल रिलायंस के शेयरों पर आज दो खबरों का असर देखने को मिल रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने एक सोशल मीडिया पोस्ट में रिलायंस को शुक्रिया कहा है। इसके अलावा रिलायंस इंडस्ट्रीज ने मंगलवार को कहा कि जामनगर तेल रिफायनरी परिसर रसोई गैस एलपीजी का प्रोडक्शन मैक्सिमम करेगा।
डोनाल्ड ट्रंप ने यह ऐलान करते हुए ट्रुथ सोशल मीडिया पर लिखा, ‘अमेरिका एनर्जी सेक्टर में वास्तविक डॉमिनेंस की ओर लौट रहा है। आज मुझे यह घोषणा करते हुए गर्व हो रहा है कि अमेरिका फर्स्ट रिफाइनिंग, टेक्सास के ब्राउनस्विले में 50 सालों में पहली नई अमेरिकी तेल रिफाइनरी खोल रहा है। यह एक ऐतिहासिक 300 अरब डॉलर की डील है - अमेरिकी इतिहास की सबसे बड़ी डील, अमेरिकी श्रमिकों, एनर्जी सेक्टर और साउथ टेक्सास के महान लोगों के लिए एक बड़ी जीत।’ ट्रंप ने आगे लिखा, ‘इस विशाल निवेश के लिए भारत में हमारे साझेदारों और उनकी सबसे बड़ी प्राइवेट एनर्जी कंपनी, रिलायंस को धन्यवाद। हमारी 'अमेरिका फर्स्ट' नीति, परमिट प्रोसेस को सरल बनाने और टैक्सों को कम करने के कारण ही अरबों डॉलर के सौदे हमारे देश में वापस आ रहे हैं। ब्राउनस्विले बंदरगाह पर नई रिफाइनरी अमेरिकी बाजारों को बढ़ावा देगी, हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करेगी, अमेरिकी एनर्जी प्रोडक्शन को बढ़ाएगी, अरबों डॉलर का आर्थिक प्रभाव डालेगी और दुनिया की सबसे साफ रिफाइनरी होगी। यह ग्लोबल निर्यात को बढ़ावा देगा और इस सेक्टर में हजारों लंबे समय से प्रतीक्षित रोजगार और विकास लाएगा, जो वास्तव में इसके योग्य है। अमेरिकी ऊर्जा प्रभुत्व का यही अर्थ है। अमेरिका सर्वोपरि।’
वहीं रिलायंस इंडस्ट्रीज ने मंगलवार को कहा कि उसका विशाल जामनगर तेल रिफाइनरी परिसर रसोई गैस एलपीजी का प्रोडक्शन मैक्सिमम करेगा, जबकि बंगाल की खाड़ी के केजी-डी6 क्षेत्र से गैस को प्राथमिक क्षेत्र को उपलब्ध कराने के लिए मोड़ा जाएगा, ताकि भारतीय अर्थव्यवस्था को पश्चिम एशिया में युद्ध से होने वाले व्यवधानों से उबरने में मदद मिल सके। कंपनी ने यह कदम ऐसे समय उठाया है जब सरकार ने औद्योगिक उपयोगकर्ताओं के लिए एलपीजी आपूर्ति को घरेलू उपभोक्ताओं की ओर मोड़ दिया है, ताकि आम आदमी को पश्चिम एशिया में युद्ध के प्रभाव से सुरक्षित रखा जा सके।
इसके साथ ही रिफाइनरियों को घरेलू मांग पूरी करने के लिए एलपीजी उत्पादन अधिकतम करने के निर्देश भी दिए गए हैं। रिलायंस ने बयान में कहा, ‘जब ग्लोबल एनर्जी मार्केट अस्थिरता का सामना कर रहे हैं, उस समय भारतीय घरों के लिए आवश्यक ईंधन की निर्बाध पहुंच सुनिश्चित करना राष्ट्रीय प्राथमिकता है।’ रिलायंस इंडस्ट्रीज ने कहा, ‘हम सक्रिय कदम उठा रहे हैं और सरकारी दिशानिर्देशों के अनुरूप, जामनगर में अपने रिफाइनिंग और पेट्रोरसायन परिसर से एलपीजी उत्पादन अधिकतम करने के लिए काम कर रहे हैं। यह दुनियाका सबसे बड़ा एकीकृत रिफाइनिंग केंद्र है। हमारी टीम चौबीसों घंटे रिफाइनरी संचालन को अनुकूलित करने और एलपीजी उत्पादन बढ़ाने के लिए काम कर रही हैं ताकि घरेलू बाजार में आपूर्ति स्थिर और भरोसेमंद बनी रहे।’ कंपनी ने कहा कि साथ ही, केजी-डी6 बेसिन से उत्पादित प्राकृतिक गैस को प्राथमिक क्षेत्रों में आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए मोड़ा जाएगा, जो राष्ट्रीय ऊर्जा प्राथमिकताओं और सरकारी दिशानिर्देशों के अनुरूप है।
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