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बिना सैलरी स्लिप के घर आएगा क्रेडिट कार्ड, ये है सबसे आसान तरीका

Upstox

3 min read | अपडेटेड January 05, 2026, 16:13 IST

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सारांश

क्या आपको भी इनकम प्रूफ न होने के कारण बैंक क्रेडिट कार्ड देने से मना कर रहे हैं? अब चिंता छोड़िए क्योंकि बिना सैलरी स्लिप या आईटीआर के भी क्रेडिट कार्ड बनवाया जा सकता है। आज हम यही जानने वाले हैं।

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क्रेडिट कार्ड पाने के स्मार्ट और आसान तरीके।

क्रेडिट कार्ड आज के समय में केवल दिखावे की चीज नहीं रह गया है बल्कि यह हमारी वित्तीय जरूरतों को पूरा करने का एक बड़ा माध्यम बन चुका है। ऑनलाइन शॉपिंग से लेकर अस्पताल के बिलों के भुगतान तक, क्रेडिट कार्ड हमें बड़ी राहत देता है। लेकिन सबसे बड़ी मुश्किल तब आती है जब बैंक आपसे इनकम प्रूफ या सैलरी स्लिप की मांग करते हैं। जो लोग फ्रीलांसिंग करते हैं, अपना छोटा व्यापार चलाते हैं या फिर घर संभालते हैं, उनके लिए इनकम प्रूफ देना अक्सर मुमकिन नहीं हो पाता है। लेकिन आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है क्योंकि बैंकिंग सेक्टर में ऐसे कई तरीके मौजूद हैं जिनकी मदद से आप बिना किसी भारी-भरकम दस्तावेज के अपना क्रेडिट कार्ड बनवा सकते हैं।

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ये है आसान तरीका

अगर आपके पास कोई पक्का इनकम प्रूफ नहीं है तो फिक्स्ड डिपॉजिट यानी एफडी के बदले क्रेडिट कार्ड लेना सबसे आसान और कारगर तरीका है। इसे तकनीकी भाषा में 'सिक्योर्ड क्रेडिट कार्ड' कहा जाता है। इसमें बैंक आपकी एफडी की राशि को सिक्योरिटी के तौर पर रखता है और उसी के आधार पर आपको कार्ड जारी कर देता है। आमतौर पर बैंक आपकी एफडी की कुल रकम का 80 से 90 प्रतिशत तक क्रेडिट लिमिट दे देते हैं। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसके लिए किसी सैलरी स्लिप की जरूरत नहीं पड़ती और साथ ही आपका क्रेडिट स्कोर भी धीरे-धीरे सुधरने लगता है।

मिलते हैं ये खास फायदे

बिना इनकम प्रूफ के क्रेडिट कार्ड पाने का एक और शानदार तरीका है एड-ऑन कार्ड। अगर आपके घर में किसी सदस्य जैसे माता-पिता, पति या पत्नी के पास पहले से कोई क्रेडिट कार्ड है, तो आप उनके कार्ड पर अपने लिए एक नया कार्ड बनवा सकते हैं। इस प्रक्रिया में बैंक केवल प्राइमरी कार्ड होल्डर की इनकम और क्रेडिट हिस्ट्री देखता है। एड-ऑन कार्ड होल्डर से किसी भी तरह के आय प्रमाण की मांग नहीं की जाती है। हालांकि, इसमें ध्यान रखने वाली बात यह है कि एड-ऑन कार्ड का बिल भी प्राइमरी कार्ड के साथ ही आता है और इसकी जिम्मेदारी मुख्य कार्ड धारक की होती है।

बैंक अक्सर अपने उन ग्राहकों को क्रेडिट कार्ड के खास ऑफर देते हैं जो अपने बचत खाते या करंट अकाउंट में अच्छा बैलेंस मेंटेन करते हैं। अगर आपका बैंक के साथ पुराना और मजबूत रिश्ता है तो आपको अक्सर बैंक के मोबाइल ऐप या नेट बैंकिंग पर 'प्री-अप्रूव्ड क्रेडिट कार्ड' का ऑफर मिल सकता है। इस तरह के ऑफर्स में बैंक आपसे कोई अलग से दस्तावेज नहीं मांगता है क्योंकि आपकी बैंकिंग हिस्ट्री ही आपकी साख का काम करती है। समय-समय पर अपने बैंकिंग ऐप को चेक करते रहना चाहिए ताकि ऐसे किसी भी मौके को आप हाथ से न जाने दें।

अच्छी क्रेडिट हिस्ट्री से बन जाएगा काम

अगर आपके पास फिलहाल कोई क्रेडिट कार्ड नहीं है तो आप किसी छोटी चीज के लिए कंज्यूमर ड्यूरेबल लोन ले सकते हैं। उदाहरण के लिए अगर आप ईएमआई पर कोई फोन या फ्रिज खरीदते हैं और उसकी किस्तें समय पर चुकाते हैं तो इससे आपका सिबिल स्कोर बेहतर होता है। एक बार जब आपका क्रेडिट स्कोर 750 से ऊपर पहुंच जाता है तो बैंक खुद आपको क्रेडिट कार्ड देने के लिए आगे आते हैं। बिना इनकम प्रूफ के भी अच्छे सिबिल स्कोर वाले ग्राहकों को बैंक कम लिमिट के साथ क्रेडिट कार्ड जारी कर देते हैं। बस आपको अपनी भुगतान क्षमता को साबित करना होता है।

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लेखकों के बारे में

Upstox
Upstox Hindi News Desk पत्रकारों की एक टीम है जो शेयर बाजारों, अर्थव्यवस्था, वस्तुओं, नवीनतम व्यावसायिक रुझानों और व्यक्तिगत वित्त को उत्साहपूर्वक कवर करती है।

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