return to news
  1. सेंसेक्स 1000 अंक उछला, निवेशकों की जेब में आए ₹6 लाख करोड़, समझें इस तेजी के 4 बड़े कारण

मार्केट न्यूज़

सेंसेक्स 1000 अंक उछला, निवेशकों की जेब में आए ₹6 लाख करोड़, समझें इस तेजी के 4 बड़े कारण

विकास तिवारी

4 min read | अपडेटेड March 25, 2026, 11:06 IST

Twitter Page
Linkedin Page
Whatsapp Page

सारांश

शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 74,841 और निफ्टी 23,158 के लेवल पर पहुंच गया है। ग्लोबल मार्केट से मिल रहे अच्छे संकेतों और डॉलर इंडेक्स में गिरावट की वजह से भारतीय बाजार में हरियाली छाई रही। क्रूड ऑयल का 100 डॉलर के नीचे आना भारत जैसी इकोनॉमी के लिए बड़ी राहत की बात है। आज बाजार में चौतरफा खरीदारी देखने को मिली।

why-indian-stock-market-rising-today

शेयर बाजार के इंडेक्स में उछाल के बाद दलाल स्ट्रीट पर निवेशकों के चेहरे खिले।

भारतीय शेयर बाजार में आज जबरदस्त रौनक देखने को मिल रही है। सेंसेक्स और निफ्टी ने लगातार दूसरे दिन बढ़त के साथ कारोबार किया। बाजार खुलते ही निवेशकों की चांदी हो गई और सेंसेक्स 700 अंकों से ज्यादा उछलकर 74,841 के लेवल पर पहुंच गया। वहीं, निफ्टी ने भी 250 अंकों की छलांग लगाई और 23,158 के स्तर को छू लिया। और थोड़ी ही देर में सेंसेक्स 1000 से ज्यादा उछलकर 75000 के लेवल को क्रॉस कर दिया। इस तेजी की वजह से निवेशकों की संपत्ति में महज कुछ ही मिनटों में 6 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का इजाफा हुआ। बीएसई पर लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैप 423 लाख करोड़ से बढ़कर 429 लाख करोड़ रुपये हो गया।

Open FREE Demat Account within minutes!
Join now

मिडिल ईस्ट में शांति की उम्मीद

बाजार में सबसे बड़ी तेजी की वजह अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव का कम होना है। ऐसी खबरें आ रही हैं कि अमेरिका और ईरान के बीच समझौते के कुछ बड़े पॉइंट पर सहमति बन गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर होने वाले हमलों को पांच दिनों के लिए रोकने का आदेश दिया है। इससे निवेशकों के बीच यह उम्मीद जगी है कि जल्द ही कोई बड़ा डिप्लोमेटिक समाधान निकल सकता है। इजरायली मीडिया का तो यह भी दावा है कि 9 अप्रैल तक युद्ध पूरी तरह खत्म हो सकता है। जानकारों का मानना है कि ईरान ने जिस तरह से हॉर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों को गुजरने की अनुमति देने की बात दोहराई है, वह भारत की एनर्जी जरूरतों के लिए बहुत अच्छी खबर है।

ग्लोबल मार्केट से मिले मजबूत संकेत

भारतीय बाजार को दुनिया भर के बाजारों से भी पूरा सपोर्ट मिला। लगभग सभी एशियाई बाजार सुबह से ही हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। जापान के निक्केई और कोरिया के कोस्पी इंडेक्स में 3 पर्सेंट तक की बढ़त देखी गई। वहीं, चीन का शंघाई कंपोजिट भी 1 पर्सेंट ऊपर चढ़ा। अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता की खबरों ने ग्लोबल लेवल पर निवेशकों का मूड सुधार दिया है। जब दुनिया भर के बाजारों में मजबूती आती है, तो उसका सीधा असर भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ता है और आज भी यही देखने को मिला।

कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट

भारत के लिए सबसे राहत वाली खबर कच्चे तेल के मोर्चे पर आई है। ब्रेंट क्रूड की कीमतें 5 पर्सेंट से ज्यादा गिरकर 100 डॉलर प्रति बैरल के नीचे आ गई हैं। जून के लिए ब्रेंट ऑयल फ्यूचर्स घटकर 93.45 डॉलर पर आ गए। भारत अपनी जरूरत का 80 से 90 पर्सेंट कच्चा तेल बाहर से मंगवाता है, इसलिए तेल का सस्ता होना भारतीय इकोनॉमी के लिए बहुत जरूरी है। तेल की कीमतें बढ़ने से भारत का इम्पोर्ट बिल और महंगाई बढ़ने का रिस्क रहता है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारत के कुल इम्पोर्ट बिल में तेल की हिस्सेदारी 23 पर्सेंट है। ऐसे में तेल की कीमतों में गिरावट से रुपए को मजबूती मिलेगी और विदेशी फंड का फ्लो भी बढ़ेगा।

डॉलर और बॉन्ड यील्ड में आई कमी

जैसे ही युद्ध का खतरा कम हुआ और तेल के दाम गिरे, वैसे ही अमेरिकी डॉलर और बॉन्ड यील्ड में भी गिरावट देखने को मिली। डॉलर इंडेक्स गिरकर 99 के करीब आ गया, जबकि 10 साल की अमेरिकी बॉन्ड यील्ड 1 पर्सेंट से ज्यादा गिरकर 4.3 पर्सेंट पर आ गई। डॉलर का कमजोर होना और बॉन्ड यील्ड का गिरना शेयर बाजार के लिए हमेशा अच्छा माना जाता है। खासकर भारत जैसे उभरते बाजारों के लिए यह बहुत फायदेमंद है क्योंकि इससे विदेशी निवेशकों यानी एफआईआई का भरोसा बढ़ता है और वे भारतीय बाजार में ज्यादा पैसा लगाते हैं। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस और बेहतर सेंटिमेंट की वजह से आने वाले दिनों में बाजार में और तेजी की उम्मीद की जा रही है।

लेखकों के बारे में

विकास तिवारी
Vikash Tiwary is a finance journalist with 6+ years of newsroom experience. He is currently growing Upstox Hindi, crafting data-driven stories on stocks, personal finance, mutual funds, and global markets, while exploring how AI can simplify finance. His work spans Zee Business, TV9 Bharatvarsh, ABP News, India TV, and Inshorts. He also holds NISM certification.

अगला लेख