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  1. GM Breweries Q3: दिसंबर तिमाही में 91% बढ़ा मुनाफा, ऑल-टाइम हाई पर पहुंचने के बाद 5% टूटा शेयर

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GM Breweries Q3: दिसंबर तिमाही में 91% बढ़ा मुनाफा, ऑल-टाइम हाई पर पहुंचने के बाद 5% टूटा शेयर

Shubham Singh Thakur

2 min read | अपडेटेड January 06, 2026, 12:54 IST

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सारांश

GM Breweries ने दिसंबर तिमाही में अपने रेवेन्यू में 22% की बढ़ोतरी दर्ज की, जो ₹202.5 करोड़ रही। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू ₹165.9 करोड़ था। इसका EBITDA सालाना आधार पर 80% बढ़कर ₹53 करोड़ हो गया। पिछले साल की इसी अवधि में यह ₹30 करोड़ था।

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GM Breweries

GM Breweries Q3: GM Breweries भारत के अल्कोहलिक बेवरेज इंडस्ट्री में एक हाई-परफॉर्मिंग बिजनेस है।

शराब का कारोबार करने वाली कंपनी GM Breweries ने FY26 की तीसरी तिमाही के नतीजों का ऐलान किया है। अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में कंपनी का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 91 फीसदी बढ़कर 42 करोड़ था हो गया। पिछले साल की दिसंबर तिमाही में यह आंकड़ा 22 करोड़ रुपये था। नतीजों के बीच आज कंपनी के शेयरों में उतार-चढ़ाव देखने को मिला।

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इंट्राडे में यह करीब 6 फीसदी उछलकर 1328 रुपये के भाव पर पहुंच गया, जो कि इसका 52-वीक हाई है। हालांकि रिपोर्ट लिखे जाने के समय यह 5.42 फीसदी टूटकर 1180.30 रुपये प्रति शेयर के भाव पर ट्रेड कर रहा था।

कैसे रहे GM Breweries के तिमाही नतीजे

GM Breweries ने दिसंबर तिमाही में अपने रेवेन्यू में 22% की बढ़ोतरी दर्ज की, जो ₹202.5 करोड़ रही। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू ₹165.9 करोड़ था। इसका EBITDA सालाना आधार पर 80% बढ़कर ₹53 करोड़ हो गया। पिछले साल की इसी अवधि में यह ₹30 करोड़ था।

EBITDA मार्जिन इस तिमाही में 800 से ज्यादा बेसिस पॉइंट्स बढ़कर तीसरी तिमाही के 17.8% से 26.1% हो गया। GM Breweries भारत के देसी शराब बाजार में सबसे बड़े प्लेयर्स में से एक है।

GM Breweries का बिजनेस

GM Breweries भारत के अल्कोहलिक बेवरेज इंडस्ट्री में एक हाई-परफॉर्मिंग बिजनेस है, जिसके पास प्रीमियम ब्रांड्स का एक शानदार पोर्टफोलियो है। कंपनी मुख्य रूप से देसी शराब बनाने का काम करती है और पिछले कुछ सालों में इस बिजनेस सेगमेंट में लगातार तरक्की कर रही है।

अपने बिजनेस को बढ़ाने के लिए कंपनी महाराष्ट्र के अंदरूनी जिलों में विस्तार करके अपनी सरप्लस प्रोडक्शन कैपेसिटी का इस्तेमाल करने के लिए सभी जरूरी कदम उठा रही है। कंपनी पूरे महाराष्ट्र में देसी शराब पर लगने वाली कुल एक्साइज ड्यूटी में लगभग 25% से 30% का योगदान देती है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)
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लेखकों के बारे में

Shubham Singh Thakur
Shubham Singh Thakur is a business journalist with a focus on stock market and personal finance. An alumnus of the Indian Institute of Mass Communication (IIMC), he is passionate about making financial topics accessible and relevant for everyday readers.

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