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Shadowfax IPO: फ्लिपकार्ट के निवेश वाली कंपनी का धमाका, जानें कब खुलेगा आईपीओ?

विकास तिवारी

3 min read | अपडेटेड January 14, 2026, 11:30 IST

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सारांश

शैडोफैक्स इस आईपीओ के जरिए करीब 1,907 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी में है। इसमें 1,000 करोड़ रुपये का फ्रेश इश्यू और बाकी हिस्सा ऑफर फॉर सेल के जरिए आएगा। कंपनी इस फंड का इस्तेमाल अपने नेटवर्क विस्तार और मार्केटिंग में करेगी।

Shadowfax Technologies is a new-age ipo open soon

शैडोफैक्स टेक्नोलॉजीज देश के 14,000 से ज्यादा पिन कोड्स पर अपनी सेवाएं देती है।

भारतीय शेयर बाजार में आईपीओ की बहार जारी है। इसी कड़ी में देश की जानी-मानी लॉजिस्टिक्स और डिलीवरी कंपनी शैडोफैक्स टेक्नोलॉजीज ने अपने पब्लिक इश्यू यानी आईपीओ की पूरी डिटेल्स शेयर कर दी हैं। कंपनी का यह आईपीओ अगले हफ्ते 20 जनवरी 2026 को निवेश के लिए खुलेगा और 22 जनवरी तक इसमें बोली लगाई जा सकेगी। शैडोफैक्स ने इस आईपीओ के लिए 118 रुपये से 124 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड रखा है। फ्लिपकार्ट जैसी बड़ी कंपनी के निवेश वाली यह कंपनी अब शेयर बाजार में अपनी नई पारी की शुरुआत करने जा रही है।

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कितना बड़ा होगा यह आईपीओ?

शैडोफैक्स का यह आईपीओ कुल 1,907.3 करोड़ रुपये का है। इसमें दो हिस्से शामिल हैं। पहला हिस्सा 1,000 करोड़ रुपये के फ्रेश इश्यू का है, जिसका मतलब है कि यह पैसा सीधे कंपनी के पास जाएगा और वह इसका इस्तेमाल अपने बिजनेस को बढ़ाने में करेगी। दूसरा हिस्सा 907.3 करोड़ रुपये का ऑफर फॉर सेल है, जिसमें कंपनी के पुराने निवेशक अपनी हिस्सेदारी बेचेंगे। इसमें फ्लिपकार्ट, एट रोड्स इन्वेस्टमेंट्स और मिराए एसेट जैसे बड़े नाम शामिल हैं। आम निवेशकों के लिए एक लॉट में 120 शेयर रखे गए हैं, जिसके लिए कम से कम 14,880 रुपये का निवेश करना होगा।

कमाई के मोर्चे पर क्या है कंपनी का हाल?

शैडोफैक्स के लिए पिछला साल काफी शानदार रहा है। कंपनी जो पहले घाटे में चल रही थी, उसने वित्त वर्ष 2025 में 6.4 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया है। इतना ही नहीं, वित्त वर्ष 2026 की पहली छमाही यानी सितंबर 2025 तक कंपनी का मुनाफा बढ़कर 21 करोड़ रुपये हो गया है। कंपनी के रेवेन्यू में भी 68 प्रतिशत की बड़ी बढ़त देखी गई है। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि कंपनी अब मजबूती से आगे बढ़ रही है और अपनी लागत को नियंत्रित करने में सफल रही है। ई-कॉमर्स और क्विक कॉमर्स की बढ़ती मांग का फायदा कंपनी को सीधे तौर पर मिल रहा है।

फंड का कहां होगा इस्तेमाल?

आईपीओ से मिलने वाली बड़ी रकम का इस्तेमाल कंपनी अपने नेटवर्क को और मजबूत करने के लिए करेगी। कंपनी की योजना है कि वह करीब 423 करोड़ रुपये अपने नेटवर्क इंफ्रास्ट्रक्चर को बेहतर बनाने में खर्च करे। इसके अलावा नए डिलीवरी सेंटर्स के लीज भुगतान और ब्रांडिंग व मार्केटिंग पर भी मोटा पैसा खर्च किया जाएगा। कंपनी अपनी तकनीक को और बेहतर बनाने पर भी ध्यान दे रही है ताकि डिलीवरी की रफ्तार को और तेज किया जा सके। शैडोफैक्स फिलहाल देश के लगभग 14,758 पिन कोड्स पर सक्रिय है और इसके पास 4,000 से ज्यादा टचप्वाइंट्स हैं।

शैडोफैक्स का मुख्य मुकाबला बाजार में पहले से मौजूद ब्लू डार्ट और डिलीवेरी जैसी कंपनियों से है। पिछले कुछ सालों में कंपनी ने अपनी बाजार हिस्सेदारी में अच्छी बढ़ोतरी की है। 20 जनवरी को आईपीओ खुलने के बाद, 23 जनवरी को शेयरों का अलॉटमेंट होने की संभावना है। वहीं, 28 जनवरी 2026 को कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर हो सकती है। जो निवेशक लॉजिस्टिक्स सेक्टर में रुचि रखते हैं, उनके लिए यह एक बड़ा मौका साबित हो सकता है।

(डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें।)
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लेखकों के बारे में

विकास तिवारी
Vikash Tiwary is a finance journalist with 6+ years of newsroom experience. He is currently growing Upstox Hindi, crafting data-driven stories on stocks, personal finance, mutual funds, and global markets, while exploring how AI can simplify finance. His work spans Zee Business, TV9 Bharatvarsh, ABP News, India TV, and Inshorts. He also holds NISM certification.

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