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  1. ट्रंप और ईरान 2 हफ्ते के सीजफायर पर हुए राजी, खुलेगा हॉर्मुज का रास्ता

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ट्रंप और ईरान 2 हफ्ते के सीजफायर पर हुए राजी, खुलेगा हॉर्मुज का रास्ता

Upstox

3 min read | अपडेटेड April 08, 2026, 07:43 IST

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सारांश

अमेरिका और ईरान के बीच चल रही जंग पर दो हफ्ते के लिए ब्रेक लग गया है। पाकिस्तान की मध्यस्थता के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरान सीजफायर पर राजी हुए हैं। इस दौरान ईरान के 10-पॉइंट वाले प्रस्ताव के आधार पर परमानेंट शांति समझौते को अंतिम रूप दिया जाएगा और स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को भी सुरक्षित आवाजाही के लिए खोला जाएगा।

डोनाल्ड ट्रंप

डोनाल्ड ट्रंप ने इस बार कही बड़ी बात

पूरी दुनिया के लिए एक बड़ी राहत वाली खबर सामने आई है। मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच जारी भीषण युद्ध पर फिलहाल दो हफ्तों के लिए रोक लग गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराक्ची ने अलग-अलग बयानों में इस ऐतिहासिक सीजफायर का ऐलान किया है। इस पूरे समझौते में पाकिस्तान ने बहुत अहम भूमिका निभाई है। दोनों देशों के बीच हुए इस समझौते के तहत न केवल बमबारी और हमले रुकेंगे, बल्कि दुनिया भर के व्यापार के लिए सबसे जरूरी रास्तों में से एक, स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को भी दो हफ्ते के लिए सुरक्षित आवाजाही के लिए खोल दिया जाएगा। इस दौरान दोनों देश एक स्थायी शांति समझौते को अंतिम रूप देने पर काम करेंगे।

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शहबाज शरीफ की अपील और ट्रंप का फैसला

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने बयान में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और फील्ड मार्शल असीम मुनीर का खास जिक्र किया। ट्रंप ने बताया कि दोनों पाकिस्तानी नेताओं के साथ बातचीत के बाद और उनकी अपील पर ही उन्होंने हमले रोकने का फैसला किया है। ट्रंप ने कहा कि उन्होंने आज रात ईरान पर भेजे जाने वाले 'विनाशकारी बल' को दो हफ्ते के लिए सस्पेंड कर दिया है। उन्होंने इसके पीछे मुख्य वजह यह बताई कि अमेरिका ने अपने सभी सैन्य उद्देश्यों को पूरा कर लिया है और वह ईरान के साथ लंबे समय तक शांति के लिए एक पक्के समझौते के बहुत करीब है। ट्रंप ने ईरान के 10-पॉइंट वाले प्रस्ताव को बातचीत के लिए एक व्यावहारिक आधार माना है और उन्हें उम्मीद है कि इस दो हफ्ते के समय में समझौता फाइनल हो जाएगा। हालांकि, ट्रंप ने यह भी साफ किया कि यह सब तभी मुमकिन होगा जब ईरान स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को पूरी तरह से और सुरक्षित खोलने के लिए राजी हो।

ईरान ने मानी सीजफायर और हॉर्मुज की बात

दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराक्ची ने भी तेहरान से जारी एक बयान में पाकिस्तान की कोशिशों की तारीफ की। अराक्ची ने कहा कि पाकिस्तान के अनुरोध और अमेरिका द्वारा बातचीत की पहल को देखते हुए ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने एक बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने साफ किया कि अगर ईरान पर होने वाले हमले रुकते हैं, तो ईरान के सशस्त्र बल भी अपनी रक्षात्मक कार्रवाइयां बंद कर देंगे। यह पूरी तरह से एक दोतरफा युद्धविराम होगा। सबसे अहम बात यह है कि ईरान ने दो हफ्ते की अवधि के लिए स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज के जरिए सुरक्षित रास्ते की अनुमति देने की बात मान ली है। यह पूरी प्रक्रिया ईरानी सेना के साथ तालमेल और तकनीकी सीमाओं को ध्यान में रखकर की जाएगी। ईरान भी अमेरिका के 15-पॉइंट वाले प्रस्ताव और ट्रंप द्वारा ईरान के 10-पॉइंट वाले ढांचे को स्वीकार करने के आधार पर बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए तैयार है।

इस समझौते के बाद अब पूरी दुनिया की नजरें इन दो हफ्तों पर टिकी हैं। अगर सब कुछ ठीक रहा और एक स्थायी समझौता फाइनल हो गया, तो मिडिल ईस्ट में लंबे समय से जारी अस्थिरता खत्म हो सकती है। ट्रंप ने भी इसे एक बड़ा सम्मान बताया है कि वह इस पुरानी समस्या को सुलझाने के करीब हैं। फिलहाल, यह एक बड़ी राहत है और बाजार इसे सकारात्मक तरीके से ले रहा है।

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Upstox Hindi News Desk पत्रकारों की एक टीम है जो शेयर बाजारों, अर्थव्यवस्था, वस्तुओं, नवीनतम व्यावसायिक रुझानों और व्यक्तिगत वित्त को उत्साहपूर्वक कवर करती है।

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