तस्वीर: olympics.com
खेलों के जरिए अपने टैलेंट और स्किल का प्रदर्शन तो होता ही है, साथ ही देश का प्रतिनिधित्व करने से गर्व का तमगा भी मिलता है।
तस्वीर: Shutterstock
इसीलिए राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए और खेलों को बढ़ावा देने के लिए भारत में ये 6 राष्ट्रीय खेल पुरस्कार दिए जाते हैं।
तस्वीर: Shutterstock
शुरुआत: 2009
तीन साल के दौरान खेलों को बढ़ावा देने वाले और इनके विकास के लिए कदम उठाने वाले निजी या सरकारी संगठनों को यह पुरस्कार दिया जाता है।
तस्वीर: Shutterstock
शुरुआत: 1956-1957
इस सबसे पुराने अवॉर्ड में MAKA ट्रॉफी एक साल के दौरान इंटर-यूनिवर्सिटी स्तर पर अच्छा परफॉर्म करने वाले संस्थान को मिलती है।
तस्वीर: Shutterstock
शुरुआत: 2002
भारतीय हॉकी लेजंड मेजर ध्यान चंद के नाम पर यह पुरुस्कार दिया जाता है। मेजर ध्यान चंद ने भारत को हॉकी में लगातार तीन ओलिंपिक गोल्ड दिलाए थे।
तस्वीर: Shutterstock
यह अवॉर्ड खेल के क्षेत्र में लाइफटाइम अचीवमेंट्स के लिए दिया जाता है। इसके तहत ध्यान चंद की प्रतिमा, सर्टिफिकेट और कैश प्राइज मिलता है।
तस्वीर: Shutterstock
शुरुआत: 1985
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मेडल लाने वाले खिलाड़ियों के कोच को महाभारत के पात्र द्रोणाचार्य की कांस्य की मूर्ति, सर्टिफिकेट और कैश दिया जाता है।
तस्वीर: olympics.com
शुरुआत: 1961
चार साल के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए अर्जुन अवॉर्ड में गुरु द्रोणाचार्य के शिष्य अर्जुन की प्रतिमा, सर्टिफिकेट और कैश प्राइज दिया जाता है।
तस्वीर: Shutterstock
शुरुआत: 1991-1992
सबसे बड़े खेल पुरस्कार में मेडल, सर्टिफिकेट और कैश 4 साल के दौरान शानदार परफॉर्मेंस के लिए दिया जाता है।
तस्वीर: Shutterstock, badminton.org
सबसे पहला खेल रत्न चेस ग्रैंडमास्टर विश्वनाथन आनंद और बिलियर्ड की दुनिया के बड़े नाम गीत सेठी को दिया गया था।
तस्वीर: Shutterstock
अगली स्टोरी देखें-